ट्रैफिक पुलिस के हेल्पलाइन नंबर पर शिकायतों की आई बाढ़


नई दिल्ली। ट्रैफिक पुलिस की हेल्पलाइन पर वैसे तो हर तरह के कॉल्स आते हैं। ज्यादातर लोग चालान, नो एंट्री परमिशन, ट्रैफिक जाम या किसी अन्य विषय में पूछताछ करते हैं, लेकिन लॉकडाउन के बाद से हेल्पलाइन पर शिकायती कॉल्स की तादाद अचानक से काफी बढ़ गई हैं। इनमें ज्यादातर वे लोग हैं, जिनके कैमरों के जरिए कई सारे चालान कट गए हैं और अब उन्हें समझ नहीं आ रहा कि क्या करें। साथ ही कई लोग यह भी पता कर रहे हैं कि अब इन चालानों का क्या करें और इन्हें कैसे भरें। वहीं, कई सारे लोग चालान भरने में आ रही दिक्कतों की शिकायत कर रहे हैं। इस वजह से हेल्पलाइन को हैंडल करने वाले ट्रैफिक पुलिसकर्मी आजकल खासे व्यस्त चल रहे हैं। ट्रैफिक पुलिस के सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, पहले जहां ट्रैफिक पुलिस की हेल्पलाइन पर दिनभर में एक-डेढ़ हजार कॉल्स ही आती थीं। वहीं, लॉकडाउन के समय से कॉल्स की संख्या में इजाफा हो गया है और अब रोज दो-ढाई हजार कॉल्स आने लगी हैं। बीच में एक वक्त तो ऐसा भी आया था, जब करीब 3 हजार के आस-पास कॉल्स आने लगी थीं और इनमें 70 से 80 पर्सेंट कॉल्स चालान से जुड़ी शिकायतों को लेकर थीं। सूत्रों ने यह भी बताया कि आमतौर पर ट्रैफिक हेल्पलाइन पर सुबह 8-9 बजे से लेकर शाम को 4-5 बजे तक ही ज्यादा कॉल्स आती थीं, लेकिन लॉकडाउन के दौरान और उसके बाद कुछ समय तो रात को 9-10 बजे तक भी कॉल्स आने लगी थीं, इसमें अब जाकर थोड़ी कमी आई है। सोशल मीडिया पर भी चालान से जुड़ी शिकायतों में एकदम से खासा इजाफा देखने को मिला है। सूत्रों ने बताया कि वैसे तो पहले भी हेल्पलाइन पर चालान के संबंध में पूछताछ करने के लिए काफी कॉल्स आती थीं, लेकिन अब तो ज्यादातर कॉल्स ऐसे ही आ रहे हैं, जिनमें लोग गलत चालान कटने, चालान में आया गाड़ी का नंबर अपनी गाड़ी के साथ मैच नहीं होने, चालान के साथ अटैचमेंट में भेजा गया फोटो नहीं खुलने, चालान जिस जगह और जिस दिन कटा, उस दिन या उस जगह वहां मौजूद नहीं होने, ऑनलाइन तरीके से चालान भरने में दिक्कत आने, कोर्ट के चालान कैसे भरने हैं, यह समझ नहीं आने और गलत चालान कैसे वापस होगा, इसके बारे में पूछताछ करने के लिए हेल्पलाइन पर कॉल करके मदद मांग रहे हैं। ऐसे लोगों को ट्रैफिक पुलिसकर्मी समझा रहे हैं कि उन्हें क्या करना है। गलत चालान की शिकायत के मामले में लोगों को ट्रैफिक हेडक्वॉर्टर स्थित नोटिस ब्रांच का नंबर या ई-मेल आईडी देकर उस पर अपनी शिकायत भेजने के लिए कहा जा रह है। वहीं, कोर्ट के चालान या कंपाउंडेबल चालान भरने में आ रही तकनीकी दिक्कतों को दूर करने के लिए हेल्पलाइन पर बैठे ट्रैफिककर्मी लोगों को टिप्स भी दे रहे हैं। जैसे कि किस ब्राउजर में लिंक आसानी से खुलेगी, फोटो कैसे दिखाई देगा, ई-कोर्ट के जरिए चालान कैसे भर सकते हैं आदि के बारे में जानकारी दे रहे हैं। इन दिनों हेल्पलाइन को ऑपरेट करने वाले ट्रैफिक पुलिसकर्मियों पर काम का दबाव जरूर बढ़ गया है। साथ ही बार-बार एक ही जैसे सवालों का सामना करने की वजह से कई बार उन्हें फ्रस्ट्रेशन का सामना भी करना पड़ रहा है।