लॉकडाउन के चलते किस्तें अदा न कर पाने वाले आवंटियों को जीडीए ने दी राहत


गाजियाबाद। कोरोना संक्रमण काल में फ्लैट, दुकान और भूखंडों की किस्तें अदा न करने वाले जीडीए के आवंटियों को राहत मिलेगी। एक मार्च से 31 अगस्त के बीच आवंटी यदि भुगतान नहीं कर पाए हैं तो उन पर पेनाल्टी ब्याज नहीं लगाया जाएगा। आवास एवं शहरी नियोजन विभाग के प्रमुख सचिव दीपक कुमार ने इस संबंध में निर्देश जारी कर दिए हैं। ऐसे जीडीए के सात हजार से ज्यादा आवंटी हैं, जिन्हें रियायत का सीधा लाभ मिलेगा। यह शर्त है कि आवंटियों को 30 सितंबर तक पूरा भुगतान करना होगा। ऐसा नहीं करते तो पेनाल्टी प्रभावी हो जाएगी। लॉकडाउन के दौरान आरबीआइ ने ऋणधारकों की तीन माह की किस्त टालने के लिए बैंकों को एडवाइजरी जारी की थी। उसमें स्पष्ट कहा गया था कि तीन माह लोन की किस्त का भुगतान न होने पर किसी तरह की पैनल्टी नहीं लगाई जाए। न ही रिकवरी के लिए कोई कार्रवाई की जाएगी। इससे बैंक से लोन लेकर फ्लैट, दुकान या प्लॉट खरीदने वालों को संकट के वक्त में राहत मिल गई थी। जिन लोगों ने जीडीए से संपत्ति खरीदते वक्त किस्तों का निर्धारण कराया था, वह भी इस तरह की रियायत की मांग कर रहे थे। हालांकि जीडीए अधिकारी यह राहत देने के लिए सहमत थे, लेकिन बोर्ड से मंजूरी लेनी बाकी थी।
प्रदेश सरकार ने जारी किया आदेश
इसी बीच आवास एवं शहरी नियोजन विभाग ने शासनादेश जारी कर यह राहत प्रदान कर दी है। शासनादेश में बताया गया है कि आरबीआइ और केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय के निर्देश पर यह राहत प्रदान की जा रही है। बता दें कि लॉकडाउन के दौरान कंपनी, बाजार समेत सभी आर्थिक गतिविधियां बंद हो गई थी। आर्थिक संकट की वजह से काफी संख्या में लोग घर की किस्त नहीं जमा पाए थे। ऐसे में सरकार ने करीब सात हजार से ज्यादा आवंटियों को बड़ी राहत दी है।