मुख्यमंत्री का आगमन अशुभ संकेत भूमिपूजन से अनूपपुर जिले के विकास को लग सकता है ग्रहण



  • उपचुनाव से पहले भाजपा पार्टी में बगावत के आसार 

  • पित्र पक्ष में नही होता कोई भी शुभ कार्य, भूमिपूजन और उद्घाटन


सुमिता शर्मा,(अनूपपुर)। प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान 7 सितंबर को अनूपपुर आगमन हुआ जहाँ पर जिल्रे वासियों को 302 करोड़ के कार्य भूमिपूजन करके अनूपपुर में होने वाले उपचुनाव का बिगुल फूंक दिया है।
जिले के लिए अशुभ संकेत


मुख्यमंत्री का अनूपपुर आने का कार्यक्रम इसके पहले 2 बार स्थगित हो चुका है ये संकेत क्या कम नही था उसके बाद भी तीसरी बार मुश्किलो भरा आगमन रहा अभी पित्र पक्ष की काली छाया पर मुख्यमंन्त्री का आगमन जिल्रे के लिए शुभ संकेत नही है। क्यूँ कि पित्र पक्ष में कोई भी शुभ कार्य करने की पूरी तरह पाबंदी रहती है और इस काल मे कोई भी भूमिपूजन और उद्धघाटन नही होता है। मगर मुख्यमंत्री ने यह कार्य करके अनूपपुर जिले में विकाश में ग्रहण लगाने का कार्य किया हैं। जिल्रे के पंडित जी और शास्त्री जी का मानना है कि ये कार्य करना अनूपपुर जिले के लिए शुभ संकेत नही हैं जिसका असर और काली छाया पड़ सकती है और दुष्परिणाम जिले और जिले वासियों को भोगना पड़ सकता हैं।


उपचुनाव के पहले ही बगावत


आगामी दिनों में जल्द उपचुनाव होने है उसके पहले मुख्यमंत्री जिले के लोगो को लॉलीपॉप देकर चुनाव जीतने का सपना देख रहे है वो उल्टा पड़ता नजर आ रहा है। उपचुनाव में कांग्रेस पार्टी के पूर्व विधायक बिसाहू लाल सिंह कांग्रेस पार्टी स्तीफा देकर भाजपा में शामिल हुए है और उनको अभी मंत्रिमंडल में कैबिनेट मंत्री बनाकर उपहार दे दिये गया हैं। मगर उनके भाजपा में शामिल होने के बाद और मंत्री बनने पर कुछ भाजपा के बड़े नेता नाराज चल रहे बिसाहू लाल सिंह की अनूपपुर के उपचुनाव में विधायक  के लिए भाजपा से टिकट पक्का है इसी बात को लेकर पार्टी के अंदर एक बहुत बड़ा हिस्सा पूरी तरह पार्टी से नाराज चल रहा है वो नाराजगी मुख्यमंन्त्री के कार्यक्रम में देखने को मिली भाजपा के पूर्व विधायक पूर्व अनुसूचित जनजाति आयोग के अध्यक्ष एवं वर्तमान में भाजपा के  प्रदेश उपाध्यक्ष रामलाल रौतेल मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में गायब दिखे बाद में आधे कार्यक्रम के पहुचे और जनता के बीच नीचे आम आदमी की तरह नीचे कुर्सी में बैठे नजर आए अब उनके लिए मंच में जगह नही थी या वो खुद कार्यक्रम से दूरियां बनाकर रखे ये आने वाले उपचुनाव में बगावती तेवर दिख रहा है ऐसा लग रहा कि इस समय रामलाल रौतेल की भाजपा पार्टी से अनबन चल रही है या उनकी उपेक्षा हो रही है जो आने वाले चुनाव में शुभ संकेत नही है लगता है भाजपा में दो लाल का रहना मुश्किल लग रहा है। कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री बिसाहू लाल सिंह कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कांग्रेस के लोगो को खूब कोसे मगर उनसे कांग्रेस का मोह छूटता नजर बार बार भाजपा की जगह कांग्रेस का नाम लगातार रटते जा रहे थे अब इसे मंन्त्री जी भूल माने या कांग्रेस का मोह। 


अतिथि शिक्षकों को पुलिस ने खदेड़ा


मुख्यमंत्री को अतिथि शिक्षक शांतिपूर्ण ढंग से ज्ञापन देने के लिए जिले भर से इकट्ठा हुए थे मगर मुख्यमंत्री जी के पास उनसे मिलने का समय नही मिला ज्ञापन देने जा रहे अतिथि शिक्षकों को पुलिस ने खदेड़ कर सोन नदी के पास बने वन विभाग की बाउंड्री में बंद कर दिया और बाद में बस में भरकर कोतमा थाना में पहुँचा दिया गया। जब कि वो लोग शांतिपूर्ण ढंग से ज्ञापन देने की बात कह रहे थे मगर उनकी प्रशासन भी नही सुना।


 पत्रकार वार्ता भी हुआ स्थगित 


कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री के साथ 5 बजे से सर्किट हाउस में पत्रकार वार्ता रखा गया था मगर अंतिम समय मे मुख्यमंत्री जी ने पत्रकार वार्ता को स्थगित करके पत्रकारों की उपेक्षा की और उड़न खटोला में बैठकर चले गए मुख्यमंत्री के पास पत्रकारों के लिए 10 मिनट का भी समय नही निकाल बाहर निकलते हुए कुछ पत्रकारों ने उनसे कुछ सवाल किए मगर उनके जबाब दिए बिना ही चलते बने ।


लॉलीपॉप वादे में जी रहे अनूपपुर वासी


जिले को करोड़ो की सौगात तो मुख्यमंत्री महोदय देकर चले गए मगर ये सौगात कब पूरा होंगा ये किसी को नही मालुम पहले से ही कई काम अटके हुए हैं जो कई वर्षों से लंबित पड़े है ओवर ब्रिज और अस्पताल अनूपपुर मुख्यालय के प्रमुख समस्या है जिसका कार्य शुरू ही नही हो रहा है पिछली बार जब रामलाल रौतेल विधायक थे और शिवराज सिंह मुख्यमंत्री तब अपने सरकार के खिलाफ ओवर ब्रिज के लिए मोर्चा खोले थे मगर अभी तक कुछ नही हो पाया बिसाहू लाल विधायक बने कांग्रेस के मुख्यमंत्री रहे तब भी ये समस्या खत्म नही हुई पता नही अनूपपुर को विकाश का पहिया कब लगेगा कोई नही बता पा रहा है अनूपपुर की जनता को घोषणा के लॉलीपॉप से ही तसल्ली करनी पड़ती है ।


कमलनाथ सरकार ने जनता को भुला दिया था


प्रदेश में सरकारी नौकरियों में भर्ती मे 75 प्रतिशत नौकरियां मध्य प्रदेश के युवाओं को दी जाएगी जिससे उन्हें रोजगार मिल सके। भाजपा सभी कल्याणकारी योजनाओं को फिर से शुरू कर रही है जिसे कांग्रेस कि सरकार ने सत्ता में आने के बाद बंद कर दिया था। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सोमवार को अनूपपुर में विकास कार्यों के भूमि पूजन एवं लोकार्पण अवसर पर जनमानस को संबोधित करते हुए यह बातें कहीं। उन्होने कहा कि प्रदेश की भाजपा सरकार समाज के सभी वर्ग के उत्थान को लेकर कृत संकल्पित है। चचाई में 660 मेगावाट प्लांट की स्थापना का आश्वासन भी मंच के माध्यम से मुख्यमंत्री द्वारा दिया गया इस अवसर पर उन्होंने अनूपपुर में कन्या महाविद्यालय खोलने और शासकीय तुलसी महाविद्यालय को स्नातकोत्तर का दर्जा दिए जाने की घोषणा भी की। अनूपपुर विधानसभा उपचुनाव के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान का यह दौरा कार्यक्रम था। जिला मुख्यालय के शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि शिवराज सिंह चौहान ने अपना उद्बोधन मां नर्मदा के जयकारे के साथ और अनूपपुर की जनता जनार्दन की जय कहते हुए शुरू किया। उन्होंने कहा कि मां नर्मदा हमारी पहचान है और प्रदेश की जीवनदायिनी रेखा है। अनूपपुर की पहचान मां नर्मदा से है अनूपपुर के विकास के लिए धन को आड़े नहीं आने दिया जाएगा। मंच से मुख्यमंत्री ने कहा कि 15 साल में कांग्रेस की सरकार बनी तो आस्वस्त हुए कि यह सरकार प्रदेश के हित में अच्छा करेगी विकास कार्य को बढ़ाएगी लेकिन जनता को भुला दिया गया, पूरे प्रदेश को लूटने का काम किया गया, दलालों का अड्डा बन गया था प्रदेश। पैसे लेकर ठेकेदारों की कद्र की गई। कमलनाथ यही कहते रहे कि मेरे पास पैसा नहीं है तो आखिर मुख्यमंत्री क्यों बने। कहा था कि रोजगार देंगे लेकिन बेरोजगारों के साथ छल किया गय ।संबल योजना ,लाडली लक्ष्मी योजना बंद कर दी गई। लोगों के उत्थान से जुड़ी सभी कल्याणकारी योजनाओं में कमलनाथ सरकार ने ताला लगाने का काम किया लेकिन भाजपा की सरकार सर्वहारा वर्ग को लेकर पुरानी सभी योजनाओं को संचालित रखेगी। श्री चौहान ने कहा कि जब कोरोना महामारी ने दस्तक दिया तो कमलनाथ इंदौर में कार्यक्रम के आयोजन में मस्त थे । कोरोना से निपटने के लिए कोई तैयारी उन्होंने नहीं की थी। शपथ लेते ही मैंने कोरोना से लड़ने के लिए अस्पतालों में इंतजाम किए निशुल्क उपचार की व्यवस्था बनाई।