थाने ले गई पुलिस, फिर लापता हो गया बेटा,पीएम की काशी में नंगे पाव पुत्र को खोज रहा गरीब बाप



  • फरवरी महीने से लापता बेटे की तलाश में वाराणसी में दर-दर घूम रहा है पिता

  • उच्च न्यायालय में लंबित है वाराणसी के गुमशुदा छात्र शिव त्रिवेदी का केस

  • बेटे की तलाश में वाराणसी के घाट और सड़कों पर रात गुजार रहे हैं शिव के पिता


वाराणसी। 'कुछ भी हो जाए मैं अपने जिगर के टुकड़े को लिए बिना अब वापस नही जाऊंगा । मेरी अंतरात्मा कहती है कि शिव जरूर मेरे पास वापस आएगा। मैं उसे ढूंढने के लिए जमीन आसमान एक कर दूंगा। पुलिस ने तो मेरी मदद नही की लेकिन मुझे उच्च न्यायालय पर पूरा भरोसा है । मुझे न्याय जरूर मिलेगा और मेरा बेटा शिव जरूर मेरे पास आएगा।' ये दर्द है बीएचयू के लापता छात्र शिव के पिता प्रदीप त्रिवेदी का जो अपने बेटे की तलाश में वाराणसी के घाट और सड़कों पर रात गुजार रहे हैं। वाराणसी के लंका थाने से बेटे के लापता होने की जानकारी के बाद मध्यप्रदेश के पन्ना जिले से शिव की पिता प्रदीप त्रिवेदी वाराणसी आए। वाराणसी के लंका थाने में बेटे के गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराने के बाद प्रदीप त्रिवेदी वाराणसी में रहकर पिछले 6 महीनों से अपने जिगर के टुकड़े की फोटो लिए उसकी तलाश कर रहे हैं। थाने से अधिकारियों के दफ्तर के चक्कर काटते काटते प्रदीप त्रिवेदी के पांव जरूर थक गए लेकिन बेटे को खोज निकालने का उनका जज्बा अब भी कायम है। हालांकि अब ये पूरा मामला इलाहाबाद हाईकोर्ट में विचाराधीन है और कोर्ट ने इस मामले में अगली तारीख 22 सितंबर तय की है। मंगलवार को शिव के पिता प्रदीप त्रिवेदी ने बताया कि वाराणसी के पुलिस अधिकारियों से तो उन्हें न्याय नही मिला लेकिन अब उच्च न्यायालय से उम्मीद है कि उन्हें वहां उन्हें जरूर न्याय मिलेगा। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने भी इस मामले में सख्ती दिखाते हुए न सिर्फ वाराणसी के एसएसपी को कोर्ट में तलब किया था बल्कि अगली तारीख यानि 22 सितंबर तक किसी भी हाल में शिव को ढूंढ कर लाने की बात भी वाराणसी पुलिस को कही है। सात महीने से बीएचयू के लापता छात्र शिव कुमार त्रिवेदी मामले में बीएचयू के छात्रों ने सीबीआई जांच की मांग उठाई है। छात्रों ने सीबीआई जांच की मांग को लेकर सोशल मीडिया से सड़क तक अभियान चलाया है। छात्र आदित्य ने बताया कि थाने से लापता छात्र शिव कुमार त्रिवेदी मामले की सीबीआई जांच होनी चाहिए। माननीय उच्च न्यायालय से हमारी मांग है कि यदि 22 सितंबर तक वाराणसी पुलिस इस मामले में शिव की नही ढूंढ पा रही है तो न्यायलय इस मामले को सीबीआई जांच के आदेश दे। बीएचयू बीएससी के द्वितीय वर्ष के छात्र शिव कुमार त्रिवेदी को फरवरी महीने में डायल 112 की गाड़ी बीएचयू कैम्पस से लंका थाने लाई थी। जिसके बाद थाने से संदिग्ध परिस्थितियों में छात्र शिव कुमार त्रिवेदी लापता हो गया था। उसके बाद से आज तक उसकी तलाश में उसके पिता दर- दर भटक रहे है। बीएचयू के तमाम छात्र भी शिव के पिता के साथ इस मुहिम में जुड़े हुए हैं। पिता के साथ जुटे बीएचयू के छात्र पतंजलि ने कहा कि अगर शिव त्रिवेदी भी किसी रईस परिवार के बेटे होते तो पुलिस भी पूरी शिद्दत से उसे ढूंढती। लेकिन इस बार पुलिस की पूरी कार्रवाई ही सवालों के घेरे में है।