गाजियाबाद: बिल्डर विक्रम त्यागी के बाद एक और व्‍यापारी हुआ लापता


गाजियाबाद ब्यूरो। गाजियाबाद के राजनगर एक्सटेंशन में आशियाना पालम कोर्ट में रहने वाले किराना के थोक व्यापारी पराग घोष अचानक संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गए हैं। वह अपने घर से अपने कार्य के लिए निकले थे, जब वह घर वापस नहीं लौटे तो उनकी पत्नी ने थाना सिहानी गेट में गुमशुदगी की तहरीर दी। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मामला दर्ज करते हुए कारोबारी की तलाश शुरू कर दी है। राज नगर एक्सटेंशन में ही रहने वाले बिल्डर विक्रम त्यागी 26 जून को संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हुए थे जिनके बारे में पुलिस आज भी खाली हाथ है। पराग घोष पुत्र मनिंदर नाथ घोष अपने परिवार के साथ थाना सिहानी गेट इलाके की पॉश कॉलोनी राज नगर एक्सटेंशन स्थित आशियाना पालम कोर्ट के P2-407 में रहते हैं। पराग ग्रॉसरी के थोक व्यापारी हैं और आईआईटी रुड़की में इनका कैंटीन भी चलता है। पराग घोष की पत्नी का कहना है कि उनके पति 27 अक्टूबर को सुबह 10:11 पर अपनी कार UP-16 AB 5897 हुंडई एक्सेंट से अपने कार्य के लिए घर से निकले थे। लेकिन 28 अक्टूबर की सुबह तक वापस नहीं लौटे। परिजनों ने उन्हें फोन किया तो उनके मोबाइल का स्विच ऑफ पाया गया। उसके बाद उनकी काफी तलाश की गई। लेकिन उनका कोई पता नहीं चल पाया है। इस कारण उन्हें किसी अनहोनी की आशंका सता रही है। ऋचा घोष ने 28 अक्टूबर को थाना सिहानी गेट में अपने पति की गुमशुदगी की तहरीर दी। जिसके आधार पर पुलिस ने धारा 365 में मामला दर्ज करते हुए पर उसकी तलाश शुरू कर दी है।
तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर पुलिस जांच में जुटी
इस पूरे मामले की जानकारी देते हुए थाना अध्यक्ष के पी शर्मा का कहना है कि तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है। घर के आसपास के सभी सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए हैं। जिसमें वह खुद अपने घर से जाते हुए नजर आए हैं और उन्होंने बकायदा एक एटीएम से पैसे ही निकाले हैं। लेकिन उनका फोन बंद आ रहा है फिलहाल पुलिस की विशेष टीम उनकी तलाश में जुटी हुई है।
26 जून से लापता बिल्डर का भी नहीं लगा है कोई सुराग
थाना सिहानी गेट पुलिस के लिए यह मामला दूसरी चुनौती बन गया है। राज नगर एक्सटेंशन में ही रहने वाले बिल्डर विक्रम त्यागी 26 जून को संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हुए थे। उनकी कार बागपत इलाके में लावारिस हालत में पाई गई थी। उनकी तलाश करने के लिए पुलिस की कई टीमें लगी हुई हैं लेकिन अभी तक इस मामले में पुलिस के हाथ पूरी तरह खाली हैं।