नोएडा पुलिस के खिलाफ सड़क पर उतरी महिलाएं


नोएडा। लॉकडाउन में महिलाओं पर अत्याचार बढ़े हैं। पीड़ित महिलाएं जब शिकायत करने जाती है तो पुलिस आरोपी के खिलाफ कार्रवाई न करके उन्हें ही दोषी ठहराने का प्रयास करती है। लावारिस कुत्तों के लिए काम करने वाली महिलाओं से मारपीट तक कर दी जाती है। महिलाओं पर अत्याचार करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए। यह बात सामाजिक कार्यकर्ता संप्रति दत्ता ने सेक्टर-16ए फिल्म सिटी में आयोजित नारी सुरक्षा रैली के दौरान कही। उन्होंने कहा कि लॉकडाउन के दौरान घरेलू हिंसा की घटनाएं बढ़ी हैं। ऐसे मामलों में पहले तो पुलिस शिकायत दर्ज नहीं करती है और अगर दर्ज भी कर ले तो कार्रवाई नहीं करती है। यह भी देखने में आया है कि सेक्टरों और सोसाइटियों में लावारिस कुत्तों के लिए काम करने वाली संस्थाओं का विरोध किया जा रहा है। कई जगह तो इन संस्थाओं में काम करने वाली महिलाओं से मारपीट की गई। वहीं, पुलिस में कार्रवाई के बजाय आरोपियों की ही मदद की है। दादरी में 10 जून को प्रगति खन्ना व बिसरख थाना क्षेत्र में मनुप्रिया के साथ इसी तरह का अभद्र व्यवहार किया गया। जबकि, जिलाधिकारी ने स्पष्ट कह रखा है कि ऐसे मामलों में महिलाओं के साथ मारपीट या अभद्र व्यवहार करने वालों के खिलाफ पुलिस सख्त कार्रवाई करे। संप्रति ने इसकी शिकायत सीएम व पीएम को भी भेजी है।