मुसलमानों का आर्थिक बहिष्कार, हिंदू पंचायत में 'हेट स्पीच' से पुलिस अलर्ट, शुरू हुई जांच


  • मेरठ में आयोजित हिंदू पंचायत के दौरान मुसलमानों का 'आर्थिक बहिष्कार' करने की बात कहने का आरोप
  • इस आरोप के बाद पुलिस ने हेट स्पीच मामले की जांच शुरू की, यह पंचायत कॉलेज में आयोजित की गई थी
  • इसकी एक वीडियो क्लिप भी सोशल मीडिया में वायरल, क्लिप को पुलिस की साइबर सेल ने जांच के लिए भेजा
मेरठ। उत्तर प्रदेश के मेरठ में हिंदू पंचायत का आयोजन किया गया। इस आयोजन में मुसलमानों का 'आर्थिक बहिष्कार' करने की बात कहने का आरोप है। इस आरोप के बाद पुलिस ने हेट स्पीच मामले की जांच शुरू कर दी है। हिंदू पंचायत एक कॉलेज में आयोजित की गई थी। जिले के चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय में पांच दिन पहले हिंदू पंचायत का आयोजन किया गया था। इसकी एक वीडियो क्लिप भी सोशल मीडिया में वायरल है। इस क्लिप को यूपी पुलिस की साइबर सेल ने जांच के लिए भेजा है। एसपी सिटी अखिलेश नारायण सिंह ने कहा, 'हमें अभी तक कॉलेज के कर्मचारियों से कोई जानकारी नहीं मिली है। लेकिन साइबर सेल इस मामले की जांच कर रही है।' कार्यक्रम के दौरान शूट किए गए वीडियो में, शंकराचार्य परिषद के प्रमुख, स्वामी आनंद स्वरूप को यह कहते हुए सुना गया, 'मेरा तर्क है कि यदि आप (मुस्लिम) हमारे साथ बने रहना चाहते हैं, तो आपको पहले कुरान पढ़ना बंद कर देना चाहिए और नमाज अदा करना बंद कर देना चाहिए।' उसी के बाद आगे वह श्रोताओं से कहते हैं, 'आप लोग यह तय कर लें कि मुसलमानों से कुछ भी नहीं खरीदेंगे। यदि आप उन्हें सामाजिक, राजनीतिक और आर्थिक रूप से नष्ट करते हैं, तो वे इस्लाम छोड़कर हिंदू धर्म अपनाने लगेंगे।'
देशभर में हो रहीं हिंदू पंचायतें
स्वामी आनंद स्वरूप का यह विवाद नया नहीं है। 6 जनवरी को उन्होंने कोलकाता में भारत को एक हिंदू राष्ट्र घोषित करने की मांग की थी। वह भारत को हिंदू रिपब्लिक ऑफ हिंदुस्थान बनाने के लिए देशभर में ऐसी ही हिंदू पंचायतें कर रहे हैं।
यूनवर्सिटी ने कहा आयोजन के लिए सिर्फ स्थान दिया था
इस मामले को लेकर कॉलेज प्रशासन ने अपना किनारा कर लिया है। यूनिवर्सिटी के वीसी एनके तनेजा का कहना है कि कॉलेज या यूनिवर्सिटी का इस आयोजन से कोई लेनादेना नहीं है। हम लोगों ने कार्यक्रम करने के लिए सिर्फ जगह दी थी। यह आयोजन यूनिवर्सिटी का नहीं था।