मशहूर होने के लिए यूपी गेट पहुंच रहे यूट्यूबर-फेसबुकिये


गाजियाबाद ब्यूरो। यदि आप डिजिटल प्लेटफार्म पर मशहूर होना चाह रहे हैं तो ज्यादा मेहनत करने की आवश्यकता नहीं है। सिर्फ आपको मोबाइल फोन और एक माइक लेना है और यूपी गेट आना है। यहां लंबे अर्से से कृषि कानूनों के विरोध में चल रहा प्रदर्शन आपको फेमस कर देगा। जी हां हम आपको हकीकत से अवगत करा रहे हैं लेकिन यहां आने के लिए नहीं कह रहे। दरअसल, कुछ लोग ऐसे हैं जो डिजिटल मीडिया पर मशहूर होने के लिए यूपी गेट पहुंच रहे हैं और यूट्यूब, फेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम समेत अन्य प्लेटफार्म पर वीडियो बनाकर अपलोड कर रहे हैं और फेमस होने का प्रयास कर रहे हैं। इन लोगों का न तो मीडिया से कोई लेना-देना है और न ही धरना-प्रदर्शन से कोई सरोकार है। ये लोग प्रदर्शन को माध्यम बनाकर सिर्फ खुद को फेमस कर रहे हैं। एक-एक दिन में इन लोगों को लाखों की संख्या में लाइक, कमेंट और शेयर मिल रहे हैं। पिछले करीब कई दिनों से प्रदर्शन स्थल पर बड़ी संख्या में ऐसे लोग देखे जा रहे हैं जो सुबह से लेकर शाम तक कई-कई बार मौके पर आते हैं। इनके एक हाथ में मोबाइल होता है और दूसरे हाथ में माइक। ये लोग कुछ बात तो प्रदर्शन के बारे में बोलते हैं और अपना गुणगान करते हैं। इसके साथ ही कुछ असमाजिक तत्व तो सरकार व प्रदर्शन के बारे में भी भड़काऊ बाते करते हैं। ऐसे तत्वों से प्रदर्शन स्थल व क्षेत्र का माहौल खराब होने का अंदेशा बना रहता है। सबसे अधिक डिजिटल प्लेटफार्म का इस्तेमाल युवा कर रहे हैं। इन्हें न तो कृषि कानूनों को लेकर चल रहे प्रदर्शन की गंभीरता का पता है और न ही कृषि कानूनों से इनका कोई लेना-देना है। ये लोग बस खुद को इंटरनेट मीडिया पर चमकाने के लिए प्रदर्शनकारियों का सहारा ले रहे हैं।यूपी गेट स्थित प्रदर्शन स्थल पर कुछ युवा बड़ी-बड़ी गाड़ियों व ट्रैक्टरों से पहुंच रहे हैं। ये लोग वाहनों पर तिरंगा लगाकर चल रहे हैं और नाचते व चीखते हुए अपने वीडियो बनाकर इंटरनेट मीडिया पर डाल रहे हैं। ये तत्व शांति व्यवस्था के लिए खतरा तो बन ही सकते हैं साथ ही सोशल मीडिया पर भी बवाल करा सकते हैं।
सेल्फी लेने का बढ़ रहा है क्रेज: यूपी गेट स्थित प्रदर्शन स्थल पर लोगों में सेल्फी लेने का क्रेज भी बढ़ रहा है। बड़ी संख्या में युवा, महिला व बुजुर्ग लोग प्रदर्शन स्थल पर पहुंच रहे हैं और प्रदर्शनकारियों व भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत के साथ सेल्फी व फोटो ले रहे हैं। इसके बाद ये लोग सेल्फी को डिजिटल मीडिया के विभिन्न प्लेटफार्म पर डालकर खुद को खूब चमका रहे हैं।
पुलिस रख रही नजर: आइजी मेरठ प्रवीण कुमार ने बताया कि फेसबुक और यूट्यूब चैनलों के नाम पर यहां रिकार्डिग कर रहे लोगों पर नजर रखी जा रही है। अगर किसी भी प्रकार की नफरत फैलाने वाली बात की जाती है तो उन्हें हिरासत में लिया जाता है।