बुलंदशहर में रिश्वत की रकम तलाश के लिए एसएसपी ने चलवाया सर्च ऑपरेशन, कोतवाल सस्पेंड


बुलंदशहर। यूपी के बुलंदशहर में एक बार फिर खाकी के कारनामे से योगी सरकार की करप्शन पर जीरो टॉलरेंस नीति पर सवाल खड़े हो गए हैं। हालात यह हैं कि सीनियर अधिकारियों को भ्रष्ट पुलिसकर्मियों के खिलाफ सर्च अभियान चलाना पड़ रहा है। ताजा मामला शुक्रवार को जहांगीराबाद कोतवाली का है। कोतवाली प्रभारी के खिलाफ मोटी रिश्वत लेने की सूचना पर खुद एसएसपी पहुंचे और रकम को ढूंढ़वाने के लिए सर्च ऑपरेशन चलाया।
इस मौक पर बीजेपी विधायक भी मौजूद रहे। जानकारी के अनुसार, जहांगीराबाद कोतवाली के प्रभारी को रिश्वत की मोटी रकम मिलने की सूचना पुलिस अधिकारियों को मिली थी। सूचना मिलने पर एसएसपी संतोष कुमार भारी पुलिस फोर्स के साथ कोतवाली पहुंचे। इस दौरान बीजेपी विधायक संजय शर्मा भी मौजूद रहे। यहां रात में टॉर्च लेकर रकम को तलाशने के लिए सर्च ऑपरेशन चलाया गया।
एसएसपी ने कोतवाली में तैनात स्टाफ को एक कमरे में नजरबंद कराया। साथ किसी को भी कोतवाली परिसर से बाहर नहीं जाने दिया गया। यहां कोतवाली परिसर, कोतवाली की छत, पुलिस आवास समेत आसपास खेतों में भी सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। बताया जा रहा है कि बड़े मामले को निपटाने के लिए कोतवाल को मोटी रिश्वत दी गई थी। इसकी सूचना स्थानीय बीजेपी विधायक संजय शर्मा तक पहुंची। बीजेपी विधायक की शिकायत पर देर रात रिश्वत की रकम को खोजने के लिए यह अभियान चलाया गया। एसएसपी ने कोतवाल रमाकांत यादव को सस्पेंड कर मामले की जांच एसपी सिटी को सौंपी है।