पासपोर्ट बनवाना हुआ और आसान, ओरिजिनल दस्तावेज ले जाने का झंझट खत्म


गाजियाबाद ब्यूरो। पासपोर्ट बनवाने के साथ उसका इस्तेमाल अब और आसान हो जाएगा। विदेश मंत्रालय ने पासपोर्ट सेवा को डिजिलॉकर (डिजिटल लॉकर) प्लेटफॉर्म से जोड़ दिया है। पासपोर्ट बनवाने के लिए आवेदक डिजिलॉकर के जरिए दस्तावेज जमा करा सकेंगे। ऑनलाइन आवेदन के वक्त डिजिलॉकर का विकल्प आने पर आधार, पैनकार्ड सहित अन्य दस्तावेज डिजिलॉकर के माध्यम से ऑटोमेटिक अपलोड हो जाएंगे। आवेदकों को ओरिजिनल दस्तावेजों को ले जाने की जरूरत नहीं होगी।
नई व्यवस्था से क्षेत्रीय पासपोर्ट कार्यालय गाजियाबाद से जुड़े विभिन्न जनपदों में पासपोर्ट आवेदकों को राहत मिलेगी। पासपोर्ट को साथ रखकर चलने और खोने का झंझट भी अब खत्म हो जाएगा। पासपोर्ट बनवाने वालों को पेपरलेस सुविधा देने के उद्देश्य से व्यवस्था की शुरुआत की जा रही है। केंद्र सरकार की ओर से जुलाई 2015 में डिजिटल लॉकर की सुविधा शुरू की गई थी। वर्चुअल डिजिटल लॉकर में लोगों को शैक्षिक दस्तावेज, ड्राइविंग लाइसेंस, पैनकार्ड, आधार कार्ड, वोटर आईडी कार्ड, लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी सहित तमाम डॉक्यूमेंट्स को डिजिटल स्टोर करने की सुविधा प्रदान की गई है। डिजिलॉकर में अपने जरूरी दस्तावेजों को डिजीटली सुरक्षित तरीके से रखा जा सकता है। डिजिलॉकर आधार कार्ड से लिंक होता है। नई व्यवस्था के तहत लोगों को ओरिजिनल पासपोर्ट को अब साथ रखने की परेशानी से छुटकारा मिल जाएगा। जरूरी काम पड़ने पर दस्तावेज को सुरक्षित तरीके से दूसरों को शेयर किया जा सकता है। डिजिलॉकर में दस्तावेज सेव करने के लिए सबसे पहले उन्हें स्कैन कर उसे सेव करना होगा। साथ ही पासपोर्ट को डिजिलॉकर में सुरक्षित रखने के साथ पासपोर्ट बनवाने के लिए डिजिलॉकर के जरिए आधार, पैनकार्ड सहित अन्य जरूरी दस्तावेजों को जमा किया जा सकेगा।
पहले अपलोड दस्तावेजों का मूल कॉपी से होता था मिलान:
क्षेत्रीय पासपोर्ट अधिकारी सुब्रतो हाजरा ने बताया कि डिजिलॉकर की नई व्यवस्था से पासपोर्ट बनवाने वालों को राहत मिलेगी। पहले ऑनलाइन आवेदन में स्कैन डॉक्यूमेंट को अपलोड करने के बाद आगे की वेरिफिकेशन प्रक्रिया में मूल दस्तावेज को साथ रखना होता था। मूल दस्तावेजों से मिलान के बाद स्कैन कर अपलोड किए गए दस्तावेज को मान्यता दी जाती थी। अब नई व्यवस्था में ऑनलाइन आवेदन करते समय डॉक्यूमेंट अपलोड करते वक्त डिजिलॉकर का विकल्प आएगा। डिजिलॉकर एकाउंट बना होने पर डिजिलॉकर पर क्लिक करने पर ऑटोमेटिक दस्तावेज अपलोड हो जाएंगे। पासपोर्ट को साथ रखने से उसके खोने का डर भी अब खत्म हो जाएगा। इससे पासपोर्ट की सुरक्षा और बढ़ जाएगी।
ऐसे बनाएं डिजिलॉकर एकाउंट:
डिजिलॉकर बनाने से पहले आधार कार्ड आपके मोबाइल नंबर से पंजीकृत (लिंक) होना जरूरी है। फिर डिजिलॉकर की वेबसाइट www.digitallocker.gov.in पर जाकर साइन अप करना होगा। साइन इन करने के बाद अपना नाम, जन्मतिथि, पंजीकृत मोबाइल नंबर, ई-मेल आईडी और पासवर्ड डालना होगा। फिर 12 अंकों का आधार नंबर डालने के साथ एंटर करना होगा। इसके बाद दो विकल्प मिलने के बाद प्रक्रिया पूरी हो जाएगी। प्रक्रिया पूरी होने के बाद आपको यूजरनेम और पासवर्ड बनाना होगा। फिर निर्धारित प्रक्रिया के तहत विभिन्न दस्तावेज डिजिलॉकर में अपलोड किए जा सकते हैं।