दिल्ली पुलिस ने किया खुलासा, टेलीग्राम एप से दिशा रवि से टूलकिट को ग्रेटा थनबर्ग तक पहुंचाया


नई दिल्ली। किसानों के प्रदर्शन से जुड़ी ‘टूलकिट’सोशल मीडिया पर साझा करने में संलिप्तता के आरोप में जलवायु कार्यकर्ता दिशा रवि को बेंगलुरू से गिरफ्तार किया गया है। दिशा रवि की गिरफ्तारी के बाद दिल्ली पुलिस ने कई परतें खोलीं हैं। दिल्ली पुलिस साइबर सेल के जॉइंट सीपी प्रेम नाथ ने बताया कि दिशा रवि ने पर्यावरण कार्यकर्ता ग्रेटा थनबर्ग तक टूलकिट टेलीग्राम एप के माध्यम से पहुंचाई थी।
निकिता जैकब के खिलाफ सर्च वारंट
जॉइंट सीपी ने कहा कि जांच के दौरान टूलकिट के ऑनलाइन मौजूद स्क्रीन शॉट्स की पड़ताल की गई है और जांच में प्राप्त जानकारी मिलते ही इस टूलकिट गूगल डॉक्यूमेंट की संपादक निकिता जैकब के खिलाफ सर्च वारंट जारी कर केस के आयोग समेत एक टीम को मुंबई भेजा गया। उनके पास से 2 लैपटॉप और 1 आईफोन मिला हैं।
मां के सामने की गई दिशा रवि की गिरफ्तारी
उन्होंने आगे कहा है कि जांच में ये भी बात सामने आई कि काव्य न्याय फाउंडेशन के संस्थापक एम ओ धालीवाल अपने कनाडा में रह रहे सहयोगी पुनीत के जरिए निकिता जैकब से संपर्क किया। उनका मकसद गणतंत्र दिवस से पहले और बाद में ट्विटर स्टॉर्म और डिजिटल स्टाइक करना था। दिल्ली पुलिस ने कहा है दिशा रवि को गिरफ्तार करते वक्त सारी कानूनी प्रक्रियाओं को फॉलो किया गया था। गिरफ्तारी के वक्त उनकी मां और उस एरिया के एसएचओ भी मौजूद थे।
दिल्ली पुलिस ने आगे खुलासा करते हुए बताया कि दिशा रवि ने पर्यावरण कार्यकर्ता ग्रेटा थनबर्ग तक टूलकिट टेलीग्राम एप के माध्यम से पहुंचाई थी। इसके अलावा उसने एक वाट्सएप ग्रुप भी बनाया था ताकि उस टूलकिट को लोगों के बीच फैलाया जा सके। बाद में इस ग्रुप को डिलीट कर दिया गया। दिल्ली पुलिस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि निकिता जैकब 'टूलकिट' दस्तावेज के संपादकों में से एक थीं। दिशा रवि ने निकिता जैकब के साथ, शांतनु ने 'टूलकिट' बनाई और दूसरों को भेजी।
दिल्ली पुलिस ने रविवार को जानकारी देते हुए कहा था कि दिशा रवि (22) को दिल्ली पुलिस के साइबर सेल ने शनिवार को गिरफ्तार किया। पुलिस ने आरोप लगाया कि भारत के खिलाफ वैमनस्य फैलाने के लिए रवि और अन्य ने खालिस्तान-समर्थक समूह ‘पोएटिक जस्टिस फाउंडेशन’ के साथ साठगांठ की। दिल्ली पुलिस ने ट्वीट कर दावा किया, ‘ग्रेटा थनबर्ग के साथ टूलकिट साझा करने वालों में से रवि भी एक थीं।’ एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा कि रवि को पूछताछ के लिए उनके घर से हिरासत में लिया गया और बाद में ‘टूलकिट’ बनाने एवं उसके प्रसार में संलिप्तता के आरोप में गिरफ्तार किया गया।
बेंगलुरु से हुई गिरफ्तारी
रवि बेंगलुरु के एक निजी कॉलेज से बीबीए की डिग्री धारक हैं और वह ‘फ्राइडेज फॉर फ्यूचर इंडिया’ नामक संगठन की संस्थापक सदस्य भी हैं। दिल्ली पुलिस के अतिरिक्त जनसपंर्क अधिकारी अनिल मित्तल ने एक बयान में कहा, ‘टूलकिट दस्तावेज से संबंधित आपराधिक साजिश से जुड़ी जांच के मामले में दिशा रवि को बेंगलुरु से गिरफ्तार किया गया। वह टूलकिट का संपादन करने वालों में से एक हैं और दस्तावेज को बनाने एवं फैलाने के मामले में मुख्य साजिशकर्ता हैं।’