नीरज बवानिया के नाम पर कारोबारी से मांगी थी 50 लाख की रंगदारी, दो गिरफ्तार


नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने कपड़ा कारोबारी से 50 लाख रुपये की रंगदारी मांगने के मामले में दो बदमाशों को गिरफ्तार किया है। आरोपितों ने तिहाड़ जेल में बंद नीरज बवानिया के नाम से रंगदारी मांगी थी। बदमाशों के नाम आदिल और मोहम्मद मोइन हैं। आदिल पीड़ित को पहले से जानता है। बकाया रुपये नहीं देने पर उसने मोइन के साथ मिलकर रंगदारी की साजिश रची थी। पुलिस ने आरोपितों के पास से चार मोबाइल फोन बरामद किए हैं। क्राइम ब्रांच के डीसीपी शिबेश सिंह ने बताया कि कपड़ा कारोबारी ने रंगदारी से संबंधित फोन आने की शिकायत 13 फरवरी को शाहीन बाग थाने में की थी। छह फरवरी की शाम उनके मोबाइल पर धमकी भरा फोन आया था। फोन करने वाले ने खुद को नीरज बवानिया बता कारोबारी से 50 लाख रुपये रंगदारी की मांग की थी। रंगदारी नहीं देने पर 12 फरवरी को दोबारा से उसी नंबर से पीड़ित के पास रुपये के लिए फोन आया था।  फोन करने वाले ने रुपये नहीं देने पर गंभीर परिणाम भुगतने को को कहा था। इससे कारोबारी दहशत में आ गया। उधर पुलिस ने मामले की छानबीन शुरू की। वहीं, तकनीकी जांच के बाद आरोपितों की सक्रियता उत्तर पूर्वी जिले में पाई गई। जिसके बाद एसीपी अरविंद कुमार और इंस्पेक्शन शिव दर्शन की टीम ने पांच मार्च को यमुना विहार इलाके से आदिल और मोहम्मद मोइन को दबोच लिया। 
पूछताछ में आदिल ने बताया कि वह एक जींस के कारखाने में काम कर रहा था। पीड़ित अपनी जींस धोने के लिए आदिल के पास भेजते थे। गत दिनों धोने की प्रक्रिया के दौरान जींस के कुछ कपड़े क्षतिग्रस्त हो गए थे। लिहाजा कारोबारी ने धुलाई के रुपये आदिल को नहीं दिए थे। इससे नाराज होकर उसने मोइन के साथ मिलकर रंगदारी वसूलने की योजना बनाई थी। फोन करने के लिए आरोपितों ने नया मोबाइल और सिम कार्ड खरीदे थे। रोहिणी जेल समीप से मोहम्मद मोइन ने खुद को तिहाड़ जेल में बंद नीरज बवानिया बता रंगदारी के लिए फोन किया था। मोइन कुख्यात बदमाश इरफान उर्फ चैनू पहलवान और मेहराजुद्दीन उर्फ लल्लू पहलवान के कार्यालय में काम करता है। दोनों बदमाश मकोका के तहत फिलहाल जेल में बंद हैं।