झगड़े में युवक का गला रेता, बस ड्राइवर की सूझ-बूझ से बची युवक की जान


दिल्ली ब्यूरो। दिल्ली के बवाना इलाके में शनिवार देर रात एक युवक की सरेआम धारदार हथियार से गर्दन रेतकर हत्या की कोशिश में आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी की पहचान जोंटी गांव निवासी 18 वर्षीय दीपक के तौर पर हुई है। पुलिस ने आरोपी के पास से वारदात में इस्तेमाल हथियार और पीड़ित इब्राहिम की लूटी गई बाइक भी बरामद कर ली है। पूछताछ में पता चला कि आरोपी और पीड़ित के बीच बहस हुई थी। वहीं, इब्राहिम की हालत स्थिर बनी हुई है। परिवार इलाज में आ रहे खर्चे से मुश्किल वक्त में है।
आपको बता दें कि बवाना इलाके में शनिवार देर रात हुई इस घटना में जब युवक की सरेआम धारदार हथियार से गर्दन रेत दी गई, तो घायल हालत में सड़क पर पड़े युवक की जान डीटीसी बस के ड्राइवर की समझदारी से बची। दरअसल, इस वारदात के समय अचानक ही डीटीसी बस वहां से निकली। बस की फ्रंट लाइट रोशनी पड़ते ही युवक को मरा हुआ समझकर आरोपी हमलावर वहां से फरार हो गए। जाते हुए पीड़ित की बाइक भी ले गए। बस के ड्राइवर ने बिना देर गंवाए घायल युवक को बस में बिठाया। उस समय उसे होश था। अपनी गर्दन पकड़े बदहवास हालत में बस के ड्राइवर को आपबीती बता रहा था।
ड्राइवर ने बताया कि वह और बस का कंडक्टर लोकेंद्र वह रोज की तरह आउटर दिल्ली के नरेला-रानी खेड़ा रूट पर शनिवार रात बस चला रहे थे। शनिवार रात करीब 11.47 बजे नरेला से रानी खेड़ा बस डिपो के लिए निकले। रात में अक्सर इस रूट पर देर रात की शिफ्ट में काम करने वाले सरकारी कर्मचारी ही बस में सवार होते हैं। 12.30 बजे के आसपास हम बवाना के पास पहुंचे और वहां सड़क पर घायल हालत में एक युवक को देखा। उसे देखते ही मैंने बस रोक दी और युवक के पास पहुंचा। घायल युवक ने बताया कि उसका गले पर चाकू से हमला किया गया है। उसने अपने हाथ से गला पकड़ा हुआ था। इसके बाद मैंने कंडक्टर लोकेंद्र को बुलाया और लड़के को बस में चढ़ाया। मैं इस रूट पर नया हूं इसलिए मुझे नजदीकी हॉस्पिटल का पता नहीं था। लोकेंद्र ने मुझे पास के हॉस्पिटल का रास्ता दिखाया। रास्ते में हमें पुलिस चौकी मिली जहां हमने वारदात की घटना के बारे में पुलिस को जानकारी भी दी।