गाजियाबाद में विज्ञापन फर्म के मालिक समेत तीन ने की खुदकुशी


गाजियाबाद। कविनगर और विजयनगर थाना क्षेत्र में तीन लोगों ने फंदा लगाकर जान दे दी। सोमवार की रात कविनगर थाना क्षेत्र में एडवरटाइजिंग कंपनी के मालिक और एक अन्य के सिक्योरिटी गार्ड ने फंदा लगा लिया। वहीं, विजयनगर थानाक्षेत्र के गांव बहरामपुर में एक मजदूर ने भी खुदकुशी कर ली। पुलिस को किसी भी घटना में सुसाइड नोट नहीं मिला है।
कविनगर थानाक्षेत्र के विवेकानंद नगर में मंगलवार सुबह प्रमोद शर्मा उर्फ गोल्डी (42) ने फंदा लगाकर जान दे दी। बताया कि गोल्डी एडवरटाइजिंग कंपनी चलाते थे। नगर निगम और सरकारी विभागों समेत कई प्राईवेट अस्पताल और स्कूलों के विज्ञापन का उनका पास काम था। उन्होंने दो साल पहले ही राजनगर एक्सटेंशन में अपने परिवार के साथ शिफ्ट किया था। जबकि उनका छोटा भाई और पिता विवेकानंद नगर में रहते हैं। बताया कि गोल्डी होली मनाने के लिए परिवार के साथ छोटे भाई के घर आए हुए थे। मंगलवार सुबह उन्होंने कमरे में फंदा लिया। जब वह देर तक कमरे से नहीं निकले तो पत्नी ने दरवाजा खटखटाया। अंदर से कोई आवाज नहीं आई। परिवार के लोगों ने पुलिस को सूचना दी और दरवाजा तोड़ा गया। अंदर गोल्डी पंखे पर फंदे पर लटके मिले।
झगड़ा कर मायके गई पत्नी, मजदूर ने दे दी जान
झगड़े के बाद पत्नी के मायने जाने पर विजयनगर थानाक्षेत्र के गांव बहरामपुर में मजदूर ने फंदा लगाकर जान दे दी। विजयनगर थाना प्रभारी महावीर सिंह चौहान ने बताया कि मूलरूप से बहादुरगढ़ हापुड़ का निवासी प्रेमचंद (32) बहरामपुर में पत्नी व बच्चों के साथ रहता था। प्रेमचंद मजदूरी करता था और वह नशे का आदी था। जांच में पता चला है कि प्रेमचंद से झगड़े के बाद पत्नी कुछ दिनों पूर्व अपने मायके चली गई थी। पुलिस का कहना है कि मकान मालिक की सूचना पर मंगलवार सुबह पुलिस मौके पर पहुंची थी। पुलिस ने दरवाजा तोड़कर प्रेमचंद का शव फंदे से उतारा और पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
पंखे से लटका मिला गार्ड का शव
मूलरूप से छपार मुजफ्फरनगर का रहने वाला मोंटी (30) शाहपुर बम्हैटा में दो साथियों के साथ रहता था। वह एक कंपनी में गार्ड की नौकरी करता था। बताया गया है कि मोंटी के दो साथी होली पर अपने घर गए हुए थे। जबकि मोंटी एक अप्रैल को घर जाने वाला था। सोमवार देर रात मोंटी अपने कमरे में पंखे पर लटका मिला। मकान मालिक ने घटना की सूचना पुलिस को दी। परिजनों का कहना है कि मोंटी अविवाहित था। सोमवार को उसकी परिजनों से मोबाइल पर काफी देर तक बात हुई थी। एक अप्रैल को घर आकर मकान का प्लास्टर कराने की बात कही थी। एसएचओ अजय कुमार का कहना है कि घटना के कारणों की जांच की जा रही है।