एनसीटी बिल के खिलाफ आम आदमी पार्टी की हुंकार, जंतर मंतर पर पार्टी करेगी विरोध प्रदर्शन


  • जंतर मंतर पर नए बिल के खिलाफ कल दोपहर 2 बजे आम आदमी पार्टी  का विरोध प्रदर्शन
  • नए बिल के खिलाफ आम आदमी पार्टी सड़क पर भी आंदोलन चलाएगी- गोपाल राय
  • नए बिल के पास होने के बाद दिल्ली के एलजी के पास होंगी अधिक शक्तियां
नई दिल्ली। दिल्ली की आम आदमी पार्टी सरकार और केंद्र के बीच एक बार फिर टकराव के आसार बन रहे हैं। केंद्र सरकार की ओर से दिल्ली के एलजी को अधिक अधिकार दिए जाने वाले बिल के खिलाफ बुधवार 17 मार्च को आम आदमी पार्टी जंतर मंतर पर विरोध प्रदर्शन करेगी। आम आदमी पार्टी दिल्ली संयोजक गोपाल राय ने कहा कि संसद में प्रस्तुत संशोधित बिल के विरोध में कल जंतर-मंतर पर होने वाले विरोध प्रदर्शन में मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, मंत्री, सांसद, विधायक, पार्षद और सभी कार्यकर्ता शामिल होंगे।
गोपाल राय ने कहा कि भाजपा की केंद्र सरकार संसद में संशोधित बिल लाकर चुनी हुई दिल्ली सरकार को कमजोर करने की साजिश कर रही है। इस बिल पास होने के बाद एलजी के पास सारी शक्तियां होंगी। दिल्ली सरकार के देशभक्ति बजट में लाए गए सभी प्रस्तावों को लागू करने का फैसला उनकी मेहरबानी पर होगा। उन्होंने कहा, दिल्ली विधानसभा में मिली करारी हार, एमसीडी उपचुनाव में जीरो सीट मिलने और दिल्ली से लेकर गुजरात तक आम आदमी पार्टी का जन समर्थन बढ़ने से भाजपा परेशान है।
उन्होंने कहा कि आप सभी को याद होगा कि पिछली बार जब दिल्ली में अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व में आम आदमी पार्टी की सरकार बनी थी और अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व में दिल्ली सरकार ने काम करना शुरू किया था, उस समय गृह मंत्रालय की तरफ से एक आदेश जारी किया गया और दिल्ली सरकार के काम की रफ्तार को ठप करने के लिए सारी शक्तियां एलजी को दे दी गई।
दिल्ली सरकार की सभी फाइलें एलजी के जरिए केंद्र सरकार ने एलजी हाउस में मंगा कर स्टोर करा लिया। शुंगलू कमिटी बनाई गई। लंबे समय तक फाइलों पर बैठकर काम को ठप किया गया। आपको यह भी याद होगा कि दिल्ली के अंदर मोहल्ला क्लीनिक बनाने के प्रस्ताव पर कई साल तक देर किया गया, सीसीटीवी कैमरा की फाइल को लेकर एलजी हाउस बैठ गया। आपको याद होगा कि मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री, सत्येंद्र जैन और मैं, 4 लोग उस फाइल को मंजूरी दिलाने के लिए एलजी हाउस में दिन-रात बैठे रहे। आज एक बार फिर वही परिस्थिति दिल्ली के अंदर पैदा करने का षड्यंत्र शुरू हुआ है। जिसकी शुरुआत कल संसद में बिल प्रस्तुत करके किया गया है।