जीटीबी अस्पताल से बदमाश कुलदीप उर्फ फज्जा को भगाने वाला मास्टरमाइंड 'बॉक्सर' फरार


  • सोनीपत के गन्नौर का रहने वाला है इनामी गैंगस्टर दीपक पहल उर्फ बॉक्सर
  • एक दोस्त के जरिए फज्जा के टच में आया और गोगी गैंग से जुड़ गया था
  • हरियाणा और बॉर्डर से सटे दिल्ली के इलाकों में है गोगी गैंग का प्रभाव
दिल्ली ब्यूरो। जीटीबी अस्पताल परिसर से कुख्यात बदमाश कुलदीप मान उर्फ फज्जा को कस्टडी से फरार करवाने की साजिश को सफल बनाने का 'मास्टरमाइंड' दीपक पहल उर्फ बॉक्सर दिल्ली पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ा है। फरारी की फील्डिंग में 19 बदमाश अस्पताल परिसर में थे। एक मौके पर ढेर कर दिया गया था, जबकि दूसरे को दबोच लिया गया था। दो नाबालिग समेत चार बाद में पकड़े गए। बॉक्सर समेत 13 बदमाश अब भी फरार हैं। पुलिस के सामने इन सबको पकड़ने और पूरी साजिश का पर्दाफाश करने की चुनौती है।
स्पेशल सेल ने जेल में बंद गैंग के सरगना जितेंद्र मान उर्फ गोगी और रोहित उर्फ मोई को मकोका (महाराष्ट्र कंट्रोल ऑफ ऑर्गनाइज्ड क्राइम एक्ट) के तहत रिमांड पर ले रखा है। फज्जा की फरारी की साजिश से लेकर गैंग के पूरे काले कारोबार का कच्चा चिट्ठा दोनों से उगलवाना है। मुंडका के पूर्व विधायक रामबीर शौकीन समेत जेल में बंद 10 और बदमाश भी इसी मकोका की जद में हैं। गोगी के डिस्क्लॉजर के बाद उन्हें भी रिमांड पर लिया जा सकता है। गोगी गैंग ने हरियाणा और बॉर्डर से सटे दिल्ली के इलाकों में जुर्म का साम्राज्य स्थापित कर रखा है।
25 मार्च को पुलिस कस्टडी से हुआ था फरार
मंडोली जेल से चेकअप के लिए जीटीबी अस्पताल लाए गए फज्जा को गोगी और काला जठेड़ी गैंग के बदमाश 25 मार्च को पुलिस कस्टडी से ले उड़े थे। स्पेशल सेल ने 72 घंटे के भीतर फज्जा को रोहिणी के एक अपार्टमेंट में ढेर कर दिया था। छिपने में मदद करने वाले सरकारी स्कूल टीचर भूपेंद्र मान और जिम ट्रेनर योगेंद्र दहिया को भी पकड़ा गया। बैंकॉक में बैठे गैंगस्टर काला जठेड़ी के गुर्गे कालू राणा और जेल में बैठे फज्जा के बीच फोन के जरिए फरारी की साजिश रची गई थी। फरारी के दिन फायरिंग में जख्मी हुए मुंडका के बदमाश अंकेश के मोबाइल से पुलिस को अहम सुराग मिले थे। इससे ही फज्जा की लोकेशन ट्रेस हो पाई थी।
फरारी के दिन अंकेश के साथ आए बदमाश पकड़ लिए गए हैं। रितेश उर्फ रिंकू को गुड़गांव और शुभम को हिसार पुलिस ने दबोचा है। दो नाबालिग स्पेशल सेल ने पकड़े हैं। इस कांड में दीपक पहल उर्फ बॉक्सर और काला जठेड़ी गैंग से रवि जागसी के अलावा एक 'भाई साहब' और नीतेश प्रधान के नाम सामने आए हैं। सूत्रों का दावा है कि बॉक्सर ही आजकल गोगी गैंग चला रहा है।
बॉक्सर से गैंगस्टर तक का सफर
सोनीपत के गन्नौर का रहने वाला दो लाख इनामी गैंगस्टर दीपक पहल उर्फ बॉक्सर (25) जूनियर लेवल पर इंटरनैशनल बॉक्सिंग में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुका है। वह 2016 के रियो ओलिंपिक में हिस्सा लेना चाहता था। 2014 में साई सेंटर सोनीपत में एक साथी बॉक्सर का जबड़ा तोड़ा तो केस दर्ज हो गया। हॉस्टल से निकाल दिया गया। गांव में प्रैक्टिस करने लगा तो कोच की पिटाई कर दी। फिर एक दोस्त के जरिए फज्जा के टच में आया और गोगी गैंग से जुड़ गया। रियो के बजाय 2016 में उसका नाम पुलिस कस्टडी से गोगी को छुड़ाने पर सुर्खियों में आ गया। गोगी पर 2018 में मकोका लगा तो उसका नाम भी था। वह तब से फरार है।