सीबीआई ने रिश्वत के मामले में एमसीडी के दो कर्मचारियों को किया गिरफ्तार


दिल्ली ब्यूरो। सीबीआई ने घूसखोरी के मामले में एमसीडी के एस-पी जोन के सहायक सफाई निरीक्षक और एक अस्थायी स्टाफ को गिरफ्तार किया है। इसी कड़ी में गाजियाबाद में एक अन्य संदिग्ध के घर पर तलाशी ली गई और करीब 38 लाख कैश और दूसरे दस्तावेज बरामद किए गए। इस मामले में सफाई निरीक्षक की भूमिका का भी पता लगाया जा रहा है।
सीबीआई के मुताबिक, एमसीडी एस-पी जोन के किशनगंज में तैनात सहायक सफाई निरीक्षक ओमपाल के खिलाफ एक मामला दर्ज हुआ था। वर्ष 1998 से एमसीडी में अस्थायी स्टाफ के तौर पर कार्यरत शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि एमसीडीकर्मी ने अस्थायी स्टाफ के एटीएम कार्ड्स ले लेते थे और उन्हें उनके वेतन का केवल एक हिस्सा ही भुगतान किया जाता था। शिकायतकर्ता का एटीएम कार्ड, उसी के पास है और शिकायतकर्ता अपना एटीएम कार्ड एमसीडी स्टाफ को नहीं देना चाहता था। शिकायतकर्ता का आरोप है कि इसी कारण उसे पिछले 6 महीने से न तो ड्यूटी दी गई, न ही सैलरी मिली। सहायक सफाई निरीक्षक कथित रूप से उन्हें ड्यूटी देने के लिए 8000 रु. की रिश्वत की मांग कर रहा था। बाद में, 4000 रु. की रिश्वत की पहली किस्त तय हुई।
सीबीआई ने जाल बिछाया एवं सहायक सफाई निरीक्षक ओमपाल और एक अस्थायी स्टाफ जितेंद्र को शिकायतकर्ता से रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया गया। आरोपी के कार्यालय में तलाशी के दौरान, बिना अंकित किए हुए हस्ताक्षरित चेक, एटीएम कार्ड्स सहित कई आपत्तिजनक दस्तावेज मिले। इन दोनों को अदालत में पेश किया गया। सहायक निरीक्षक को 3 दिन की पुलिस हिरासत और दूसरे को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।