कुख्यात जयपुरिया गिरोह के लिए करती थीं काम, रेड करने पहुंची टीम पर छोड़ दिए थे कुत्ते, गिरफ्तार


आगरा। नशीली दवाओं के तस्कर जयपुरिया गैंग के सरगना पंकज गुप्ता के घर कमलानगर पर 19 दिसंबर 2020 को ड्रग विभाग ने पुलिस के साथ छापा मारी था। इसमें उसका बेटा अमन कांत गुप्ता को गिरफ्तार किया था। घर में मौजूद उसकी मां रीता गुप्ता दो बेटिया श्रुति और आकांक्षा पुलिस को गच्चा देकर फरार हो गईं। पांच महीने से फरार चल रही दोनों बहनों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
ड्रग निरीक्षक नरेश मोहन दीपक ने बताया कि श्रुति और आकांक्षा नशीली दवा ड्रमाडोल हाइड्रो क्लाराइड की रिपैकिंग करती थीं। जिनमें एक श्रुति गुप्ता बीडीएस (मेडिकल) की पढ़ाई कर रही थी। दवाओं की पैकिंग कर उन्हें ट्रांसपोर्ट तक सप्लाई करने में सहयोग करती थीं।
रेड करने पहुंची टीम पर छोड़ दिए थे कुत्ते
ड्रग निरीक्षक नरेश मोहन दीपक ने बताया कि जब टीम रेड करने कुख्यात के घर पहुंची तो श्रुति और आकांक्षा ने उन पर कुत्ते छोड़ दिए थे। तीनों कुत्तों ने टीम पर हमला बोल दिया। ढाई घंटे तक टीम कुत्ते से जुझती रही और आकांक्षा और श्रुति ने दवाओं की बोरियां आसपास की छतों पर फेंक दी थीं। इसी दौरान अपनी मां के साथ तीनों फरार हो गईं।
आठ लोग जा चुके हैं जेल
कमला नगर थाना प्रभारी नरेंद्र शर्मा ने बताया कि नशीली दवाओं की तस्करी आठ लोगों को जेल भेज दिया है। सरगना पंकज गुप्ता की निशानदेही पर करीब सात करोड़ का माल जब्त किया गया है। रीता गुप्ता और अनिल करीरा नामक दो आरोपी फरार हैं जिन्हें जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा।