मन की चौपाल में एसीपी वीरेंद्र पुंज ने बच्चों के सवालों के दिए जबाब, साझा किए बचपन के अनुभव


दिल्ली ब्यूरो। आईडीएचसी सोसाइटी और इमवा द्वारा मन की चौपाल बच्चों के साथ रखी गई। मन की चौपाल सोशल मीडिया ज़ूम के माध्यम से रखी गई, जिसमें लगभग 100 बच्चों ने भाग लिया। चौपाल के दौरान बच्चों के मन में कई सवाल थे जो दिल्ली पुलिस के सहायक पुलिस आयुक्त वीरेंद्र पुंज और प्रिंसिपल नीरज मोहन पुरी ने दिए। किशन कुंज की रहने वाली वेनिका ने पूछा अंकल हम तो घर में बंद हैं लॉकडाउन के दौरान लेकिन कुछ लोग घूम रहे हैं, वीरेंद्र पुंडीर ने कहा के बेटा आप घर पर हैं तो सुरक्षित हैं जो लोग बाहर घूम रहे हैं वही जाकर बीमार हो रहे हैं हम भी बाहर घूमते लोगों खिलाफ कार्रवाई करते हैं। शकरपुर के कार्तिक ने कहा कि क्या हर पुलिसवाला भ्रष्ट होता है, मैं पुलिस में जाना चाहता हूं लेकिन मेरे दोस्त मुझे कहते हैं कि तू भ्रष्ट हो जाएगा क्या ऐसा है। इस बात  पर वीरेंद्र पुंज ने कार्तिक को जवाब दिया कि अपने मन को कठोर कर लो कि आपको भ्रष्ट नहीं होना तो कोई भी आपको भ्रष्ट नहीं बना सकता। इसके बाद कार्तिक ने कहा में भी बनूँगा पुलिस वाला, क्योंकि दिल्ली पुलिस दिल की पुलिस है। 
लक्ष्मी नगर के माधव लूंबा ने कहा कि दिल्ली पुलिस दिल्ली की पुलिस है, हमें आप लोगों के ऊपर नाज है वही शकरपुर के कुणाल ने कहा आपको डर नहीं लगता और ड्यूटी करते हैं, आपको भी घर पर रहना चाहिए। इस पर वीरेंद्र पुंज ने बहुत शानदार जवाब दिया कि पुलिस सड़कों पर है तो आप सुरक्षित हैं और हमारे साथ जनता की दुआ है। दिलशाद गार्डन के दिव्यांश ने दिल्ली पुलिस के कार्य की प्रशंसा की। चंदन नगर इलाके की ध्रुविका ने कहा कि आज चंदननगर चंदू पार्क में सब्जी मंडी में भीड़ काफी नजर आ रही है हमें क्या करना चाहिए वीरेंद्र पुंज ने कहा कि आप घर पर रहे और आपके परिवार का जो व्यक्ति सब्जी लेने बाहर जा रहा है वो देखे अगर कहीं कानून तोड़ा जा रहा है तो वह एक बार उस दुकानदार को बोले, अगर नही समझते तो पुलिस को सूचना दें। एसीपी वीरेंद्र पुंज ने कहा कि आज मन की चौपाल जैसे कार्यक्रम पूरे देश में होने चाहिए इससे बच्चों के अंदर चल रहे सवालों का जवाब उन्हें मिलता रहेगा।
सतयुग दर्शन, विद्यालय फरीदाबाद के प्रधानाचार्य नीरज पुरी ने बच्चों के जवाब में कहा कि आप अधिकांश इस समय मोबाइल पर व्यतीत कर रहे हैं। आप मोबाइल पर वह वीडियो देखें जो आप भविष्य में बनना चाहते हैं। एक जवाब में मोहन पुरी ने कहा कि बच्चों को तो खबरें इस समय देखनी ही नहीं चाहिए। नीरज पुरी ने बताया की सतयुग दर्शन अलग-अलग क्लास के बच्चों के लिए सोशल मीडिया के माध्यम से उनमें छिपी प्रतिभा को सामने लाने के लिए कार्यक्रम लेकर आने वाला है यह कार्यक्रम खेल, नृत्य और गायन का रहेगा। पुरी ने कहा बच्चों के लिए बहुत अच्छा ही है प्रयास है की मन की चौपाल के माध्यम से उनके मन में चल रहे सवालों का जवाब उन्हें मिला, उन्होंने आयोजकों का धन्यवाद भी किया।
वेबीनार के आयोजक आईडीएचसी सोसायटी के अध्यक्ष अरुण और इम्वा के अध्यक्ष राजीव निशाना ने वक्ताओं का धन्यवाद किया और कहा कम से कम ऐसी वेबीनार से बच्चों को राहत मिलती है।