ऑक्सिजन सिलिंडर की होम डिलिवरी का झांसा, फेसबुक पर फर्जी ऐड से ठगा, केस दर्ज


मेरठ। कोरोना महामारी के कहर से पैदा हुए मुसीबत के हालात में भी जालसाज मजबूर और जरूरतमंद लोगों को ठगने से बाज नहीं आ रहे हैं। मेरठ के थाना देहली गेट में ऑनलाइन ऑक्सिजन सिलिंडर की होम डिलिवरी के नाम पर दो लोगों को ठग लिया। यही नहीं 11 हजार 800 रुपये के माध्यम से अकाउंट में ट्रांसफर करा लिए। ऑक्सिजन सिलेंडर की डिलिवरी ना होने के बाद पीड़ित ने अपनी शिकायत थाने में दर्ज कराई।
पुलिस ने साइबर क्राइम में मामला दर्ज करते हुए छानबीन शुरू की। मेरठ के थाना देहली गेट के अनस सब्जवारी ने फेसबुक पर ऐसा ही एक ऐड देखा जो इंडियन हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन के नाम ऑक्सिजन सिलिंडर की होम डिलिवरी 12 सौ रुपये में करने का झांसा दे रही थी। अनस ने दिए गए फोन नंबर पर बात करके तीन सिलिंडर के लिए 36 सौ रुपये पेमेंट कर दिया। लेकिन तय अवधि में जब सिलिंडर नहीं आए तो खुद के ठगे जाने का पता चला। पीड़ित ने थाने आकर पूरे मामले की शिकायत की। थाना इंचार्ज राजेन्द्र त्यागी ने बताया कि पीड़ित की ऐप्लिकेशन पर साइबर क्राइम के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है।
एनसीआर में कई फर्जी कंपनियां कर रहीं ऑनलाइन ठगी
ऑक्सिजन की कमी से पैदा हुए संकट का फायदा उठाते हुए कई ऐसे गैंग इस वक्त एक्टिव हो गए हैं जो ऑक्सिजन सिलिंडर की होम डिलिवरी के नाम पर लोगों को ठग रहे हैं। ऐसे ही कई मामले मेरठ में भी सामने आए हैं। दिल्ली और एनसीआर इलाके में इस वक्त कई ऐसे गैंग ऐक्टिव हो गए हैं जो मजबूर लोगों का फायदा उठाकर उन्हें जालसाजी का शिकार बना रहे हैं। मरीजों के लिए ऑक्सिजन हासिल करने के लिए ऑक्सिजन सप्लायर और फैक्ट्रियों की खाक छान कर परेशान हो रहे तीमारदारों को यह जालसाज फेसबुक और वॉट्सऐप के जरिए अपना शिकार बना रहे हैं।
ऑक्सीजन सिलिंडर की होम डिलिवरी के नाम पर ऑनलाइन पेमेंट करने को कहा जाता है। पेमेंट हो जाने के बाद कोई जवाब नहीं दिया जाता। इस फर्जी कंपनी को भी नोएडा स्थित बताया जा रहा है। उसके खिलाफ मेरठ पुलिस छानबीन शुरू कर चुकी है। वहीं थाना इंचार्ज राजेन्द्र त्यागी ने बताया कि इसी कंपनी ने एक और ठगी करते हुए एक दूसरे पीड़ित से भी 11,800 रुपये ठग लिए हैं। इस मामले में भी पीड़ित ने डीजीपी से ऑनलाइन शिकायत दर्ज कराई है।