अलीगढ़ में कूड़े में पड़ी मिली कोरोना वैक्सीन! अब मुकदमा दर्ज


अलीगढ़। यूपी के अलीगढ़ की पीएचसी जमालपुर में को-वैक्सीन से लोडेड सिरिंज टीकाकरण कक्ष में रखे कूड़ेदान के कचरे में फेंकने के मामले में अब जिलाधिकारी सख्ती दिखाई है। सीएमओ को जिलाधिकारी ने जल्द जांच कर दोषियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने के आदेश दिए गए हैं। जिलाधिकारी ने कहा कि कोविड-19 महामारी में इस प्रकार का कृत्य किसी भी कीमत में सहन नहीं किया जाएगा।
एएनएम ने साजिश करार दिया
आपको बता दें कि जमालपुर पीएचसी पर कोरोना वैक्सीन की 29 लोडेड सिरिंज वैक्सीन कोल्ड चेन मैनेजर के निरीक्षण के दौरान वैक्सीनेशन कक्ष में रखे गए कूड़ेदान के कचरे से मिली थीं। इस पर सीएमओ भानु प्रताप सिंह कल्याणी ने जिला प्रतिरक्षण अधिकारी, एसीएमओ डॉ. दुर्गेश कुमार और डॉ. एमके माथुर को पूरे मामले की जांच सौंपी है। सीएमओ ने तीन दिन में जांच रिपोर्ट मांगी गई है। जिसके बाद दोषी एएनएम नेहा खान पर कार्रवाई की जाएगी। वहीं, एएनएम ने इस पूरे मामले को अपने खिलाफ एक साजिश करार दिया है।
निरीक्षण में उजागर हुआ था मामला
जमालपुर मुस्लिम बहुल क्षेत्र के अर्बन पीएचसी को स्वास्थ्य विभाग ने वैक्सीन सेंटर बनाया है। यहां पर तीन एएनएम की ड्यूटी लगाई गई। इस कोविड सेंटर पर शनिवार को यूएनडीटी वैक्सीन कोल्ड चेन मैनेजर रवेंद्र शर्मा ने निरीक्षण किया था। इस सेंटर के कूड़ेदान में लोडेड सिंरिज कचरे में पड़ी मिली थीं। इसकी जानकारी सीएमओ को दी गई तो स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में जांच के लिए कमेटी गठित की गई।
एएनएम पर लोगों को गुमराह करने का आरोप
आरोप है कि एएनएम नेहा खान ने कोरोना वैक्सीनेशन के नाम पर लोगों को गुमराह किया। कोरोना महामारी में लोगों की जिंदगी खतरे में डाल दी है। नेहा खान ने सिरिंज में वायल से दवाई भरी, लेकिन उस दवा को लोगों के शरीर में इंजेक्ट किए बिना ही वहां रखे कूड़ेदान में डाल दी गईं।
एएनएम ने सिरिंज खराब होना बताया
पीएचसी पहुंचकर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने जांच की। कोविड सेंटर पर वैक्सीनेशन करने वाली दोनों एएनएम और प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. आरफीन जेहरा के बयान दर्ज किए गए हैं। जिस पर एएनएम ने सिरिंज खराब होना बताया है। वहीं, अलीगढ़ जिलाधिकारी चंद्रभूषण सिंह ने इस पूरे मामले में कहा कि इस मामले में जो भी एएनएम सहित दोषी पाए जाएंगे। उन दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।