फर्जी अन्तरराष्ट्रीय कॉल सेंटर का भंडाफोड़: पुलिस ने 84 लोगों को किया गिरफ्तार


सुनील कुमार शर्मा,(दिल्ली ब्यूरो)। शाहदरा जिला पुलिस ने एक अन्तरराष्ट्रीय फर्जी कॉल सेंटर का खुलासा किया है। कॉल सेंटर के जरिए यूएसए में रहने वाले अमेजन के हजारों ग्राहकों से ठगी की जा रही थी। ग्राहकों को अमेजन से जुड़े सवालों का जवाब देने के नाम पर ठगी की जा रही थी। पुलिस ने फर्जी सेंटर से जुड़ी 12 लड़कियों समेत 84 लोगों को गिरफ्तार किया है, जिसमें छह मुख्य आरोपी हैं। पुलिस ने यहां से 64.30 लाख रुपये, 93 लैपटॉप, चार कम्प्यूटर और दो एसयूवी कार बरामद की है। 
जिला पुलिस उपायुक्त आर साथिया सुंदरम ने बताया कि मुख्य आरोपियों की पहचान भिवानी हरियाणा निवासी मन्नू सिंह पंवार, कॉल सेंटर का केयर टेकर धान्ना गांव भिवानी निवासी राकेश कुमार, वरिष्ठ व्यवस्थापक गांव लुहारवाला, चरखी दादरी, हरियाणा निवासी सुरजीत, दीपक यादव, गुरुग्राम हरियाणा निवासी जगदीप और गांव हिनडोल, भिवानी हरियाणा निवासी पंकज के रूप में हुई है। मन्नू हत्या के एक  मामले में जेल में बंद है, जिसे इस मामले में गिरफ्तार कर लिया गया है। 
पुलिस को जगतपुरी के टायल्स मार्केट में एक फर्जी कॉल सेंटर चलाने की जानकारी मिली थी। जिसके जरिए यूएस के नागरिकों को ठगे जाने की बात सामने आई थी। आरोपी अमेजन सेवा को हैक कर लेते थे और ग्राहकों के प्रश्नों का उत्तर देते थे। सूचना को पुख्ता करने के बाद निरीक्षक विकास कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने उक्त इमारत पर छापा मारा। जहां पुलिस ने देखा कि लैपटॉप और कम्प्यूटर पर लोग काम कर रहे हैं और ग्राहकों से फोन पर लगातार बात कर रहे हैं। यहां कार्यरत कर्मचारी खुद को अमेजन का कर्मचारी बता रहे थे। पुलिस को यह भी पता चला कि जालसाज अवैध रूप से वीओआइपी कॉलिंग के जरिए तकनीक का इस्तेमाल कर सरकारी एक्सचेंज को नुकसान पहुंचा रहे हैं। छापेमारी करने वाली टीम को देखकर वहां काम करने वाले सभी कर्मचारी फोन काटकर भागने लगे। लेकिन पुलिस ने 12 महिलाओं समेत 84 आरोपियों को दबोच लिया। जो उच्च तकनीकी साफ्टवेयर का इस्तेमाल कर रहे थे।
केयरटेकर चला रहा था फर्जी कॉल सेंटर
छानबीन करने पर पता चला कि कॉल सेंटर चलाने वाले अवैध रूप से यूएसए में रहने वाले अमेजन के ग्राहकों की जानकारी हासिल कर लेते थे और फिर उन्हें फोन कर ठगी करते थे। पूछताछ में पता चला कि फर्जी कॉल सेंटर को मुख्य रूप से भिवानी निवासी मन्नू सिंह तंवर चलाता है। लेकिन कथित हत्या के एक मामले में मन्नू के जेल में होने की वजह से राकेश बतौर केयर टेकर फर्जी कॉल सेंटर चला रहा था। राकेश भिवानी के धन्ना गांव का रहने वाला है। छानबीन में पता चला कि मन्नू भिवानी जेल में बंद है। वह शराब दुकान का ठेकेदार था। सितंबर 2020 में गुरुग्राम थाना पुलिस ने गुरुग्राम में फर्जी कॉल सेंटर चलाने के मामले में उसे गिरफ्तार किया था। इसमें पुलिस ने 30 लोगों को गिरफ्तार किया था। 
व्हाट्सएप ग्रुप में पाए गए कई अमेरिकी नंबर 
छानबीन के दौरान पुलिस के कई फोन जब्त किए। जिसमें व्हाट्सएप ग्रुप में विभिन्न अमेरिकी मोबाइल नंबर पाए गए हैं। इनका इस्तेमाल ब्लॉकर्स को गिफ्ट कार्ड का विवरण भेजने के लिए किया गया था। पुलिस ने जांच पड़ताल के दौरान केयर टेकर से सेंटर चलाने के  लिए लाइसेंस दिखाने को कहा लेकिन वह कोई कागजात नहीं दिखा पाया। 
कॉल सेंटर से अमेजन ग्राहकों के मोबाइल नंबर पर एक आकर्षक मैसेज भेजे जाते थे। जिसमें कहा जाता था कि उनके विशेष अमेजन खाते में लगभग एक हजार डॉलर जमा किए गए हैं। इस मैसेज के आने के बाद ग्राहक क्रेडिट की गई राशि के बारे में अधिक जानने के लिए अपने मोबाइल फोन से वापस कॉल करते थे। इन ग्राहकों से कॉल प्राप्त होने पर, कॉल सेंटर एजेंट उन्हें यह कहकर डराते थे कि उनका सामाजिक सुरक्षा नंबर हैक कर लिया गया है और इसे केवल अमेजन स्टोर से उपहार वाउचर खरीदने और उनके साथ साझा करने पर ही मरम्मत की जा सकती है। डर की वजह से ग्राहक न्यूनतम 99 डॉलर का गिफ्ट वाउचर खरीदते थे। उनके साथ विवरण साझा करते थे। जो इन फर्जी कॉल चलाने वाले मुख्य आरोपी व्यक्तियों के खाते में जाता था।