कानपुर में वीकेंड कर्फ्यू में ठेले वालों पर दिखा खाकी का कहर, तराजू छीना, घसीटकर जीप में डाला


कानपुर ब्यूरो। कानपुर में वीकेंड कोरोना कर्फ्यू पर खाकी का सितम देखने को मिला। बीते रविवार को कोरोना कर्फ्यू था, गरीब सब्जी वाले फेरी लगाकर ठेले पर सब्जी बेच रहे थे। पुलिसकर्मियों ने सब्जी वालों को फटकार लगाते हुए, उनका इलेक्ट्रानिक तराजू जब्त कर लिया। सब्जी वाले पुलिसवालों के सामने हाथ जोड़कर मिन्नतें रहे, लेकिन पुलिसकर्मियों ने उनकी एक नहीं सुनी। एक ठेले वाले को जबरन घसीटते हुए जीप में डाल कर ले गए।
कानपुर में कोरोना वायरस का कहर थमने के बाद शनिवार और रविवार को वीकेंड कोरोना कर्फ्यू लागू है। गोविंद नगर थाना क्षेत्र स्थित दबौली में बीते रविवार को ठेले वाले सब्जी बेच रहे थे। रतनलाल नगर चौकी इंचार्ज में अपनी टीम के साथ गस्त पर थे। इसी दौरान पुलिसकर्मियों को कुछ लोग ठेले पर सब्जी बेचते हुए दिखे। बस फिर क्या था गरीब ठेले वालों पर खाखी ने अपना रूतबा दिखाना शुरू कर दिया।
पुलिस कर्मियों ने ठेले से तराजू उठाना शुरू कर दिया। जिसमें से एक सब्जी विक्रेता ने पुलिस की इस कार्रवाई का विरोध किया। पुलिस कर्मियों ने उसे घसीटते हुए जीप में डाल दिया। इसके बाद पुलिस को जो भी ठेले वाला दिखा, उनके भी तराजू उठाना शुरू कर दिया।
वायरल वीडियो
वायरल वीडियो की शुरूआत में देखा जा सकता है कि तीन सब्जी के ठेले खड़े हैं। एक ठेले वाला मुंह में गमछा और नीली रंग की शर्ट पहने हुए है। पुलिस वालों ने उसका इलेक्ट्रानिक तराजू उठाने का प्रयास किया तो, उसने तराजू को अपनी बाहों में छिपा लिया। पुलिसकर्मी उसे खींच कर पुलिस जीप के पीछे ले गए। इसके बाद एक ठेले वाला हॉफ टी शर्ट मुंह में काला मास्क लगाकर पुलिसकर्मियों को बताने लगा कि गलियों में जाकर सब्जी बेच रहे हैं। सब्जी बेचकर दो वक्त की रोटी कमाते हैं। इसी बीच पुलिस कर्मी नीली रंग की शर्ट पहने हुए ठेले वाले का कॉलर पकड़कर जीप में डाल देते है। वीडियों के अंतिम सेकेंड में एक ठेले वाला और आता है, सिपाही ने उसका भी तराजू उठा लिया। ठेले वाला हाथ जोड़ने लगा, लेकिन सिपाही ने उसकी एक नहीं सुनी।
पुलिस ने दी सफाई
गोविंद नगर इंस्पेक्टर अनुराग मिश्रा का कहना है कि वीडियो रविवार का है। एक स्थानीय ने यह वीडियो बनाकर भेजा था कि कोरोना कर्फ्यू में ठेले वाले सब्जी बेच रहे हैं। इस पर पुलिस पहुंची थी, सभी के चालान काटने के बाद छोड़ दिया गया था। किसी के भी बांट नहीं लिए गए थे। पुलिस ने सभी के तराजू वापस लौटा दिए थे।