उमर गौतम के मदरसे के बाद अब विभाग ने बनानी शुरू की गैर मान्यता प्राप्त मदरसों की लिस्ट, जारी होगा नोटिस


गाजियाबाद ब्यूरो। मतांतरण के मुख्य सूत्रधार उमर गौतम के मदरसे की खोज में जिला अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के रडार पर 30 से अधिक गैर मान्यता प्राप्त मदरसे आए हैं। विभाग इनके खिलाफ एफआइआर दर्ज कराएगा। मदरसों को नोटिस जारी कर जवाब तलब भी किया जाएगा। सुरक्षा एजेंसियों को अंदेशा है कि उमर गौतम का मसूरी इलाके में मदरसा संचालित है या फिर वह मदरसों को फंडिंग करता था। लेकिन विभाग के पास उमर गौतम के मदरसे की अभी कोई जानकारी नहीं है। उमर गौतम मतांतरण कराने के लिए दिल्ली में दावा सेंटर चलाता था।
एजेंसियों को इनपुट मिला था कि उमर का गाजियाबाद में भी मदरसा संचालित है। इस प्रकार की जानकारी मिलने पर अल्पसंख्यक कल्याण विभाग सतर्क हो गया। विभाग ने जिले में गैर मान्यता प्राप्त मदरसों की जानकारी जुटानी शुरू कर दी। जिले में अब तक 30 से अधिक गैर मान्यता प्राप्त मदरसे मिले। इन मदरसों के खिलाफ कार्रवाई का खाका खींच दिया गया है। मदरसों की संख्या इससे अधिक भी हो सकती है। विभागीय अफसर के अनुसार पूर्व में भी विभाग ने गैर मान्यता प्राप्त मदरसों को बंद करने के लिए नोटिस जारी किए थे। लेकिन फिर से चोरी-छिपे मदरसे संचालित होने शुरू हो गए। मसूरी, लोनी और भोजपुर इलाके में गैर मान्यता प्राप्त मदरसों की संख्या अधिक है।
ज्यादातर गैर मान्यता प्राप्त मदरसे मान्यता के लिए आवेदन करना नहीं चाहते हैं। क्योंकि मान्यता मिलने पर उन्हें विभाग के नियमों का पालन करना होता है। चंदे का हिसाब देना होता है। उनमें एनसीईआरटी की पुस्तकें ही पढ़ाई जाएंगी। उधर, अल्पसंख्यक विभाग को चार मदरसों पर कार्रवाई करने के लिए पत्र प्राप्त हुआ। पत्र में जिन मदरसों का नाम लिखा हुआ है, विभाग ने उनका नाम अभी सार्वजनिक नहीं किया है। कार्रवाई के बाद इन मदरसों का नाम खोला जाएगा। अल्पसंख्यक विभाग ने मदरसों पर कार्रवाई के लिए पुलिस से संपर्क किया है।
शासन के आदेश पर जिले में 35 मदरसों का आधुनिकीकरण किया गया है। इन मदरसों में स्काउट गाइड शुरू कराने का भी आदेश हुआ था। मदरसों में एनसीईआरटी की पुस्तकें पढ़ाई जा रही हैं। मान्यता प्राप्त मदरसों की शिक्षा पर विभाग की निगरानी रहती है। इन मदरसों में राष्ट्रगान के साथ तिरंगा फहराया जाता है। इन मदरसों में बच्चों को उच्च शिक्षा के लिए प्रेरित किया जाता है। खेल-कूल सहित बच्चों का विभिन्न क्षेत्रों में काबिल बनाया जाता है।
केवल मान्यता प्राप्त मदरसे ही जिले में संचालित होंगे। गैर मान्यता प्राप्त मदरसों को चिह्नित कर उनके खिलाफ एफआइआर दर्ज कराने का निर्णय लिया गया है। इन मदरसों को नोटिस भी भेजे जाएंगे। अभी चार मदरसों पर कार्रवाई करने के लिए पत्र मिला है। कार्रवाई करने के लिए पुलिस से बात हो गई हैं।-अमृता सिंह, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी