सीमापुरी में किन्नर के कत्ल का दिल्ली पुलिस ने किया खुलासा, सुपारी देकर कराई गई हत्या


  •  सीमापुरी पुलिस का कहा है कि रुपयों के लेनदेन के विवाद में किन्नर की हत्या हुई
  • शाहदरा जिला पुलिस ने कॉन्ट्रेक्ट किलर समेत दो को शनिवार को अमरोहा से पकड़ा
  • मुख्य आरोपी समेत एक अन्य आरोपी अभी फरार हैं, पुलिस इनकी कर रही है तलाश
सुनील कुमार,(दिल्ली ब्यूरो)। सीमापुरी इलाके में एक किन्नर की हत्या मामले की गुत्थी सुलझा ली गई है। शाहदरा जिला पुलिस ने कॉन्ट्रेक्ट किलर समेत दो लोगों को पकड़ा है। आरोपियों की घर में फ्रेंडली एंट्री थी। सीसीटीवी फुटेज में आरोपी घर के अंदर और बाहर आते-जाते दिखाई दिए थे। मुख्य आरोपी समेत अन्य आरोपी अभी फरार हैं। हत्या की वजह पैसों का लेन-देन है।
शाहदरा जिला पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार लोगों में राशिद और योगेंद्र उर्फ योगी हैं। 31 साल का राशिद ओखला विहार का रहने वाला है। यह ओखला विहार में बार्बर है। 19 साल का योगेंद्र अमरोहा का रहने वाला है। वह मुरादाबाद पॉलिटेक्निक का स्टूडेंट है। इन्हें सीमापुरी सब-डिविजन के एसीपी मुकेश त्यागी की टीम ने पकड़ा है। एक टीम स्पेशल स्टाफ के इंस्पेक्टर हीरालाल की भी बनाई गई थी। पुलिस ने बताया कि वारदात 14-15 जुलाई की रात की है। मामले में 15 जुलाई को पीसीआर कॉल मिली थी। जिसमें बताया गया था कि न्यू सीमापुरी में करीब 60 साल के एक किन्नर की हत्या कर दी गई है। पुलिस का कहना है कि शुरुआत में मृतक के शरीर पर चोट के कोई बाहरी निशान नहीं थे। जांच में पता लगा कि गले में जहर का इंजेक्शन दिया गया।
45 सीसीटीवी कैमरे चेक करने पर पता लगा कि 14 जुलाई की रात 11:42 बजे दो लोग ट्रांसजेंडर के घर के अंदर जाते हुए दिखाई दिए। जो कि देर रात 2:25 बजे बाहर आते हुए दिखे। उन्होंने डीटीसी डिपो के पास से ऑटो लिया और चले गए। यहां से पुलिस को पुख्ता क्लू मिला और जांच आगे बढ़ाई गई। मामले में शनिवार को अमरोहा से राशिद और योगेंद्र को पकड़ लिया गया। इनसे पूछताछ में पता लगा कि किन्नर की दो लाख रुपये की सुपारी देकर हत्या कराई गई। इसके पीछे फरीद नाम का मुख्य आरोपी है। जो राशिद का भाई भी है।
पुलिस ने बताया कि उसने किन्नर से 10 लाख रुपये का लोन लिया था। समय पर पैसा वापस नहीं करने पर वह इससे अपना पैसा वापस मांग रहे थे। इसी बात पर इसने हत्या करा दी। मामले में फरीद के अलावा कम से कम एक और आरोपी फरार है। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि यह उनके घर में रुपयों का सेटलमेंट करने के बहाने घुसे थे। इसके बाद उन्होंने किन्नर को पकड़कर पहले उसके गले में जहर वाला इंजेक्शन लगाया। फिर बेहोश होने पर तकिए और तौलिए से मुंह दबाकर यह सुनिश्चित किया कि वह मर गया है। इसके बाद वह लोग वहां से भाग गए।