कानपुर में बहू-बेटे ने मां-बाप को मारपीट कर घर से निकाला, दंपती को साथ ले घर पहुंच गए कमिश्नर


कानपुर ब्यूरो। उत्तर प्रदेश के कानपुर में दंपती ने इकलौते बेटे का पालन-पोषण बड़ी उम्मीदों से किया था। दंपति ने सोचा था कि बेटा बड़ा होगा तो बुढ़ापे का सहारा बनेगा। लेकिन उसी बेटे ने पत्नी के साथ मिलकर अपने बुजुर्ग माता-पिता को पीटकर घर से बाहर निकाल दिया था। बुजुर्ग दंपति ने अपना दर्द पुलिस कमिश्नर असीम अरूण के सामने बयां किया। कमिश्नर बुजुर्ग दंपति को अपने साथ लेकर घर पहुंचे। इसके साथ बहु-बेटे पर शांतिभंग की कार्यवाई कर जेल भेजा गया है। पुलिस कमिश्नर ने बुजुर्ग दंपति को हर संभव मदद करने का अश्वासन दिया है।
उत्तर प्रदेश के कानपुर में पुलिस का मानवीय चेहरा सामने आया है। एक इकलौती संतान ने बुजुर्ग दंपती को मार-पीटकर घर से निकाल दिया। इसके बाद दंपती ने अपनी तकलीफ पुलिस कमिश्नर से साझा की। फिर क्या था, कमिश्नर बुजुर्ग दंपती को अपने साथ लेकर उनके घर पहुंच गए। उन्होंने आरोपी बहू-बेटे पर शांतिभंग की धाराओं में केस दर्ज कर जेल भेज दिया। इतना ही नहीं, कमिश्नर ने दंपती को हर संभव मदद देने का आश्वासन दिया है। जानकारी के मुताबिक, चकेरी थाना क्षेत्र स्थित जेके कॉलोनी में रहने वाले बुजुर्ग अनिल शर्मा अपने परिवार के साथ रहते हैं। बुजुर्ग अनिल शर्मा के परिवार में पत्नी, बेटा अभिषेक और बहू हैं। बुजुर्ग दंपती का पिछले कई महीनों से बेटे और बहु से विवाद चला रहा था। बहू-बेटे ने बुजुर्ग मां के साथ 8 दिन पहले मारपीट की थी। दंपती ने इसकी शिकायत चकेरी थाने में की थी। इसके बाद डीसीपी ईस्ट से भी अपना दर्द बयां किया था लेकिन बहू-बेटे पर कोई कार्रवाई नहीं हुई थी।
कमिश्नर दंपती को लेकर पहुंचे घर
बुजुर्ग दंपती का बीते शुक्रवार को बहू-बेटे से फिर हुआ था। बेटे ने पत्नी के साथ मिलकर बुजुर्ग माता-पिता के साथ मारपीट कर उन्हें घर से बाहर निकाल दिया था। उनका सामान कमरे में समेट कर ताला लगा दिया था। इसके बाद बुजुर्ग दंपती ने पुलिस कमिश्नर से शिकायत की थी। मामला कमिश्नर असीम अरुण के संज्ञान में आया तो उन्होने दंपती को कैंप कार्यालय बुलाया। इसके बाद शनिवार को फोर्स के साथ वह दंपती को लेकर उनके घर पहुंच गए। कमिश्नर ने कमरों के ताले खुलवाए। उन्होंने शांतिभंग के आरोप में बहू-बेटे को पुलिस हिरासत में थाने भेज दिया। चकेरी पुलिस ने शनिवार देर रात दंपती के बेटे और बहू के खिलाफ शांतिभंग की धारा में कार्रवाई की है। उन्हें तीन दिनों की न्यायिक हिरासत में जेल भेजा है।