गोरखपुर में प्रॉपर्टी डीलर की 'कस्टडी डेथ', इंस्पेक्टर समेत 6 पुलिसकर्मी सस्पेंड


गोरखपुर। दो दोस्तों के साथ गोरखपुर घूमने गए कानपुर के प्रॉपर्टी डीलर मनीष गुप्ता की गोरखपुर शहर के एक होटल के कमरे में रात के अंधेरे में पुलिस चेकिंग के दौरान सिर में चोट लगने से मौत हो गई। साथ में मौजूद दोस्त मजबूती के साथ कह रहे हैं कि कमरे से उन्हें निकालकर पुलिस ने पिटाई की जिससे उसकी मौत हुई।
कमरे से चीखने की आवाज आने की भी वे गवाही दे रहे हैं जबकि पुलिस का कहना है कि कमरे में गिरने की वजह से सिर में चोट लगी। खुद एसएसपी विपिन ताडा ने पहले इसे हादसा बताया मगर जब मामला परवान चढ़ने लगा और मृतक की पत्नी मीनाक्षी पुलिस वालों पर हत्या का केस दर्ज करने का दबाव बनाने लगी तो उन्होंने जांच कराने और इंस्पेक्टर तारामंडल जे एन सिंह समेत 6 पुलिस वालों को संस्पेंड कर दिया। वैसे अभी तक इस पूरे मामले में पुलिस कठघरे में खड़ी है।
मनीष के दोस्तों का कहना है कि सोमवार को हम तीन लोग होटल कृष्णा पैलेस में ठहरे। सोमवार रात करीब 12.30 बजे रामगढ़ताल पुलिस होटल में चेकिंग करने पहुंची। हम से होटल के कमरे का दरवाजा खुलवाया।
पुलिस वालों ने बताया कि संदिग्ध के होने की सूचना है इसलिए सभी को अपनी पहचान बतानी होगी। सभी अपनी आईडी प्रूफ दिखाओ। दोस्त हरदीप ने बताया कि मैंने अपनी और अपने साथी प्रदीप चौहान की आईडी दिखा दी जबकि मनीष सो रहे थे। उन्हें आईडी दिखाने के लिए नींद से जगाया।
वह पुलिस वालों से बोला, इतनी रात में यह चेकिंग किस बात की हो रही है। हम लोग क्या आतंकवादी हैं? सोते हुए इंसान को आप लोग उठाकर डिस्टर्ब कर रहे हैं। इतने पर ही पुलिस वाले बौखला गए और पीटना शुरू कर दिया।
हरदीप ने कहा कि हम दोनों को पीटते हुए कमरे से बाहर ले गए। कुछ ही देर बाद देखा कि पुलिस वाले मनीष गुप्ता को घसीटते हुए बाहर लेकर आए, वह खून से लथपथ था। इसके बाद पुलिस वाले मनीष को अस्पताल ले गए जहां उसकी मौत हो गई।