गाजियाबाद के हर सातवें घर में मिल रहा डेंगू का लार्वा


गाजियाबाद। जिले में डेंगू के मरीज बढ़कर 161 हो जाने के बाद चिंता वाली यह बात सामने आई है कि इस बुखार को फैलाने वाले एडीज मच्छर का लार्वा हर सातवें घर में मिल रहा है। स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने 16868 घरों में सर्वे किया तो 1335 में लार्वा मिला। पहले इंदिरापुरम, वैशाली और कौशांबी में ही लार्वा मिल रहा था, अब मुरादनगर, डासना, मोदीनगर, लोनी में भी पाया गया है। शहर के साथ अब कस्बों और गांवों से भी डेंगू के मरीज आ रहे हैं। रविवार को 1460 घरों का सर्वे किया गया। इनमें 179 स्थानों पर लार्वा मिला। सभी जगह छतों, गमलो, पक्षियों के बर्तन के पात्रों में मिले पानी में लार्वा पनपा। स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने लोगों से कहा कि वे पानी को जमा न होने दें। गमलों में बारिश का पानी जमा है, इसे निकाल दें। पक्षियों के लिए रखे बर्तन में पानी रोज बदलें। डीएसओ डॉ. आरके गुप्ता ने बताया कि रविवार को कैलाश नगर में 12, राजनगर एक्सटेंशन में 14, गोविंदपुरम में 17, इंदिरापुरम में 18, वैशाली में 22, कौशांबी में 26, लोनी में 12, मोदीनगर में 14, मुरादनगर में 16, डासना में 28 लार्वा पाया गया है।
जिला मलेरिया अधिकारी ज्ञानेंद्र मिश्रा का कहना है कि गंदगी और जलजमाव से वायरल संक्त्रस्मण के साथ डेंगू और मलेरिया फैलने का खतरा बन जाता है। कूलर, गमलों से लेकर स्वच्छ पानी में डेंगू फैलाने वाले मच्छर एडीज एजिप्टी के लार्वा मिल रहे हैं। मादा एडीज एजिप्टी मच्छर से डेंगू फैलता है, यह मच्छर स्वच्छ पानी में पनपता है। लार्वा मिलने पर एंटी लार्वा का छिड़काव कराया जा रहा है। कंट्रोल रूम के नंबर 0120-4186453 पर फोन करें। इसके अलावा dmogzb@rediffmail.co.in या idspupgzb@gmail.com पर मेल कर सकते हैं।
सीएमओ डॉ भवतोष शंखधार का कहना है कि जिन इलाकों में ज्यादा केस मिले हैं, उन्हें प्राथमिकता पर रखा गया है। डेंगू का कोई केस सामने आने पर कोरोना की तर्ज पर आरआर टीम को मौके पर भेजा जाता है और आसपास के 100 घरों में जांच करवाई जाती है।