गाजियाबाद पुलिस का कारनामा : कारोबारी को अवैध तरीके से हिरासत में रखकर पीटा


प्रेम प्रकाश त्रिपाठी,(गाजियाबाद)। सिहानी गेट पुलिस द्वारा संबंध निभाने के चक्कर में कारोबारी को अवैध हिरासत में रखकर उसे पीटने और उसकी स्कॉर्पियो कार जब्त करने का मामला सामने आया है। इतना ही नहीं, सिहानी गेट पुलिस ने गाड़ी के संबंध में झूठी रिपोर्ट भेजकर कोर्ट को भी गुमराह करने की कोशिश की। कोर्ट ने नाराजगी जाहिर करते हुए एसएचओ को व्यक्तिगत रूप से तलब किया है। वहीं, पीड़ित ने डीएम से शिकायत कर एसएचओ व दयानंद नगर चौकी इंचार्ज समेत छह पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
सूत्रों के अनुसार नेहरू नगर थर्ड निवासी विनोद कुमार सिंह का कहना है कि वह 2005 से मदर डेयरी का आउटलेट चलाते हैं। उनके आउटलेट पर ई-ब्लॉक नेहरू नगर निवासी मुकेश वर्मा दूध लेने आते थे। मेलजोल बढ़ने पर मुकेश अपनी पत्नी के साथ उनके घर आनेजाने लगे। विनोद का कहना है कि 2015 में मुकेश ने उनसे बच्चों की पढ़ाई व अन्य कार्यों के लिए कुल 9 लाख 72 हजार रुपये उधार लिए। जब रुपयों का तगादा किया तो मुकेश दयानंद नगर चौकी इंचार्ज गौरव कुमार से जान-पहचान बताकर झूठे केस में फंसाने की धमकी देने लगे।
विनोद कुमार का आरोप है कि 6 सितंबर की रात करीब साढ़े 8 बजे दयानंद नगर चौकी इंचार्ज गौरव कुमार, एसआई विजय कुमार व तीन सिपाही उन्हें राकेश मार्ग स्थित कोटेक महिंद्रा बैंक के एटीएम के बाहर से गाड़ी में डालकर थाने ले आए और हवालात में बंद कर दिया। इसके बाद चौकी इंचार्ज ने एसएचओ के कमरे में उन्हें बेरहमी से पीटा। उनकी एक आंख बुरी तरह चोटिल हो गई। इसके बाद 7 सितंबर को उनका शांतिभंग में चालान कर दिया।