कच्छा बनियान गिरोह के सात बदमाशों को दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने किया गिरफ्तार


दिल्ली ब्यूरो। कच्चा-बनियान पहन शरीर पर ग्रीस या ऑयल लगाकर चोरी करने वाले पर्दी गैंग के सात बदमाशों को दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने दबोचा है। पकड़े गए सभी आरोपी मध्य प्रदेश के गुना इलाके के रहने वाले हैं। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक गुना के कुछ गांवों के लोगों का ब्रिटिश काल से चोरी ही पेशा है। इस गैंग में महिलाएं और उनके बच्चे भी शामिल होते हैं। पुलिस ने आरोपियों के पास से तीन पिस्टल, नौ कारतूस, चार चाकू और चोरी में इस्तेमाल किए जाने वाले औजार बरामद किए हैं। आरोपी वारदात को अंजाम देने से पूर्व दिन में रैकी करते थे। इसके बाद रात को घर पर धावा बोला जाता है। गैंग दिल्ली, यूपी, हरियाणा, राजस्थान, मध्य प्रदेश समेत दूसरे राज्यों में एक्टिव हैं। पुलिस पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है।
अपराध शाखा की पुलिस उपायुक्त मोनिका भारद्वाज ने बताया कि एसीपी राजेश कुमार और इंस्पेक्टर आशीष शर्मा व अन्यों की टीम को सूचना मिली कि कच्चा-बनियान (पर्दी गैंग) के सदस्य विजय घाट, चलो पार्क के पास आने वाले हैं। सूचना के बाद एक टीम का गठन कर बृहस्पतिवार रात को पुलिस ने सात आरोपियों को दबोच लिया। इनकी पहचान मध्य प्रदेश, गुना निवासी सी निखिल दास उर्फ बिरन, सम्राट, श्रवणराज, रामदास, शिव प्रताप, सिंदबाज और शक्तिमान के रूप हुई। इनके खिलाफ अपराध शाखा के थाने में मामला दर्ज किया गया। इनके पास से हथियार और वारदात में इस्तेमाल औजार बरामद किए गए। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने बताया कि उनका कई दशकों से चोरी की पेशा है। उनके इलाके की महिलाएं, बच्चे और पुरुष सदस्य चोरी में शामिल रहते हैं। समय के अनुसान इनके काम करने के तरीकों में बदलाव होता रहा है। फिलहाल इनको पर्दी गैंग (कच्चा-बनियान गैंग) के नाम से जाना जाता है। रात के समय यह लोग ग्रिल या दरवाजा काटकर बंद घरों में दाखिल होते हैं। वारदात को अंजाम देने के दौरान यह कच्चा और बनियान में ही रहते हैं। यदि चोरी के दौरान कोई इनका सामना करता है तो यह उसको मारने से भी नहीं हिचकते हैं। आरोपी रामदास के खिलाफ तीन, सिंदबाज और शक्तिमान के खिलाफ तीन-तीन मामले दर्ज हैं। यह लोग सोने और कैश पर ही हाथ साफ करते थे। पुलिस पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है।