प्रयागराज में चर्चित डॉ. एके बंसल हत्याकांड का मास्टरमाइंड मोहम्मद अबरार खान को एसटीएफ ने किया गिरफ्तार


प्रयागराज ब्यूरो। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में चर्चित डॉ. एके बंसल हत्याकांड का मास्टरमाइंड मोहम्मद अबरार खान को प्रयागराज के रामबाग इलाके से एसटीएफ ने अरेस्ट कर लिया। साल 2017 में डॉक्टर के हत्या के बाद से आरोपी फरार चल रहा था। इसको पकड़ने के लिए एसटीएफ और पुलिस ने जाल बिछा रखा था। काफी दिनों से हत्यारा एसटीएफ के हाथ नहीं लगा तो इसके ऊपर 50 हजार का इनाम भी घोषित किया गया। बदमाश प्रतापगढ़ के के आजाद नगर का रहने वाला है।
12 जनवरी साल 2017 को रामबाग इलाके में बना जीवन ज्योति हॉस्पिटल के निदेशक डॉक्टर एके बंसल को बदमाशों ने चेंबर में घुसकर गोलियों से भून दिया था। हत्यारे पीछे के रास्ते से फरार हो गए थे। एक डॉक्टर की हत्या के बाद पूरे मेडिकल क्षेत्र के डॉक्टर ने अपराधियों के गिरफ्तारी की मांग को लेकर सड़कों पर काफी दिनों तक प्रदर्शन किया था। डॉक्टर की हुई हत्या पर मौजूदा प्रदेश सरकार को भी विपक्षी दलों ने काफी घेरने की कोशिश की थी।
हत्या के खुलासे के लिए पुलिस अधिकारियों ने क्राइम ब्रांच के साथ एटीएस को भी लगाया। वहीं डॉ. बंसल के भाई ने आरोपियों के खिलाफ कोतवाली में एफआईआर दर्ज करवाया था। इस हत्या के मामले में पुलिस ने बिहार के रहने वाले आलोक सिन्हा और प्रयागराज के दिलीप मिश्रा पर भाड़े के हत्यारों से वारदात कराने का आरोप लगाया। कहा जाता है डॉ. आलोक सिन्हा को डॉक्टर एके बंसल ने बेटे का एमबीबीएस में एडमिशन कराने के लिए 55 लाख रुपए दिया था।
सिन्हा न तो ऐडमिशन करा पाए और न ही पैसे वापस कर रहे थे। इसी बात से खफा डॉ. बंसल ने डॉक्टर सिन्हा के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवा दी थी। इस मामले में पुलिस ने डॉक्टर सिन्हा को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। यह बात डॉक्टर सिन्हा को बहुत नागवार गुजरी थी और जेल में जाने के बाद उसने डॉ. एके बंसल की हत्या की योजना बनाई थी। इसमें डॉक्टर बंसल की हत्या करने के लिए दिलीप मिश्रा ने प्रयागराज के अशरफ उर्फ अख्तर कटरा से शूटर उपलब्ध कराने को कहा था।
एसटीएफ के हत्थे चढ़े डॉक्टर बंसल के हत्या के मास्टरमाइंड और अबरार खान डॉक्टर बंसल की हत्या के लिए शूटर और पैसे उपलब्ध करवाए थे। एसटीएफ की टीम अबरार खान की तलाश कर रही थी। मंगलवार को एसटीएफ लखनऊ के सीईओ दीपक सिंह और इंस्पेक्टर हेमंत भूषण की टीम ने आरोपी अबरार खान को अरेस्ट कर लिया। अशरफ की दोस्ती अबरार खान से थी। 15 लाख रुपए में अबरार खान शूटर उपलब्ध कराने को कहा था। दो पिस्टल और एक मोटरसाइकिल का भी इंतजाम अबरार ने किया था। डॉक्टर की हत्या के बाद दोनों कातिल पीछे के रास्ते से बाइक से ही फरार हो गए थे। एक हत्यारे यासिर की हत्या हो गई थी। ऐसा कहा जाता है इन सब ने मिलकर एक शूटर ग्रुप बना लिया था।जो पैसे लेकर हत्या करने काम करते थे।