यूपी के आईएएस अफसर इफ्तिखारूद्दीन का विवादित वीडियो वायरल, पुलिस कमिश्नर ने डीसीपी ईस्ट को सौंपी जांच


कानपुर ब्यूरो। कानपुर में मंडलायुक्त रहे सीनियर आईएएस इफ्तिखारूद्दीन का एक विवादित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है। आईएएस अधिकारी का वीडियो वायरल होने के बाद शासन और प्रशासन में हडकंप मच गया। कानपुर पुलिस कमिश्नर असीम अरूण ने वायरल वीडियो की जांच डीसीपी ईस्ट सोमेंद्र मीणा को सौंपी है। पुलिस इस बात की जांच करेगी कि आईएएस अधिकारी के वीडियो में कोई अपराध प्रदर्शित हो रहा है या नहीं।
आईएएस अधिकारी इफ्तिखारूद्दीन का वायरल वीडियो कानपुर स्थित सरकारी आवास का बताया जा रहा है। यह वीडियो उस वक्त का बताया जा रहा है कि जब इफ्तिखारूद्दीन कानपुर के मंडलायुक्त थे। इफ्तिखारूद्दीन वर्तमान में यूपी राज्य सड़क परिवहन निगम के चेयरमैन के पद पर तैनात हैं। फिलहाल पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। धर्मांतरण के मास्टर माइंड मौलाना कलीम सिद्दीकी की गिरफ्तारी के बाद यूपी में सियासत में गर्म है। वहींं, सीनियर आईएएस अधिकारी के वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि किस तरह से एक समुदाय विशेष के लोगों के साथ कट्टरपंथ की पाठशाला लगाई जा रही है। आईएएस अधिकारी किस तरह से तीखे अल्फाजों से सामने बैठे लोगों को संबोधित कर रहे हैं।
पुलिस जांच में इस बात का पता लगाया जाएगा कि वायरल वीडियो में कोई अपराध प्रदर्शित हो रहा या नहीं। सीनियर अधिकारी की तरफ से किसी प्रकार के नियम का उल्लंघन का किया जा रहा है कि नहीं। मठ मंदिर समन्वय समिति के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष भूपेश अवस्थी ने सीएम योगी आदित्नाथ से शिकायत की थी। उन्होने आरोप लगाया था कि सनातन धर्म के खिलाफ सीनियर प्रशासनिक अधिकारी प्रचार-प्रसार कर रहे हैं।