वैक्सीन लगवाने को लेकर महिला ने एसपी के सामने रखी शर्त


बैतूल,(मध्य प्रदेश)। कोरोना वैक्सीन की डोज लेने से अभी भी कुछ लोग कतरा रहे हैं। एमपी के बैतूल में वैक्सीनेशन महाअभियान में अनोखे नजारे देखने को मिले हैं। बैतूल एसपी सिमाला प्रसाद एक गांव में ग्रामीणों को जागरूक करने पहुंची तो उन्हें अजीबोगरीब स्थिति का सामना करना पड़ा है। एक महिला ने उनसे कहा कि मैं टीका बिल्कुल नहीं लगवाउंगी। यदि फिर भी आपको लगाना ही है तो पहले आप लिख कर दो, इसके बाद टीका लगवाउंगी। इसके बाद भी मुझे कुछ हुआ तो तुम जानो।
दरअसल, यह दो टूक बात बैतूल के घोड़ाडोंगरी तहसील के चिखली आमढाना में एक महिला ने एसपी सिमाला प्रसाद से कही। एसपी सिमाला प्रसाद बुधवार को चलाए जा रहे वैक्सीनेशन महाअभियान के तहत ग्राम में छूटे हुए लोगों को वैक्सीनेशन के लिए प्रेरित करने चिखली आमढाना पहुंची थी। इस गांव में 113 लोग ऐसे थे, जिनका टीकाकरण नहीं हुआ था। इस पर एसपी सिमाला प्रसाद स्वयं अपनी टीम के साथ गांव पहुंची और घर-घर पहुंच कर ग्रामीणों से चर्चा की और उन्हें वैक्सीनेशन के लिए लोगों को प्रेरित किया।
इसके बाद 90 लोग टीका लगवाने राजी हो गए और उन्होंने टीके लगवाए गए हैं। शेष लोग या तो खेती किसानी के काम पर निकल गए थे या फिर बाहर गए थे। इसलिए उन्हें टीके नहीं लगाए जा सके। गांव में भ्रमण के दौरान जब एसपी सिमाला प्रसाद एक महिला के घर पहुंची तो उसने यह कहते हुए टीका लगवाने से साफ मना कर दिया कि इससे दर्द होता है, आंखों में जलन होती है। यदि आप टीका लगवाना ही चाहते हैं तो फिर मुझे लिख कर दो।
इस पर एसपी ने कहा कि हां, हम लिख कर दे रहे हैं। इसके बाद महिला यह पूछना नहीं भूली कि क्या लिख कर दे रहे हो। हालांकि इसी बातचीत के दौरान महिला टीका लगवाने को राजी हो गई और उसे टीका लगा दिया गया।