गलियों में घूम रहे चाबी बनाने वालों की नजर कहीं आपकी तिजौरी पर तो नहीं?


दिल्ली ब्यूरो। दिल्ली में ताला-चाबी बनाने के बहाने अलमारी खाली करने की घटनाएं आए दिन होती रहती हैं। ऐसे गैंग की नजर अलमारी में रखी जूलरी और कैश पर अधिक होती है। घर के मालिक की जरा सी लापरवाही बड़े नुकसान की वजह बन जाती है। क्राइम ब्रांच के एक सीनियर अधिकारी ने बताया कि आमतौर पर घरों में अच्छी ब्रैंड की अलमारी होती है। कुछ साल बाद अलमारी में लॉक खराब होना आम बात है। अलमारी खरीदते समय उसकी क्वॉलिटी पर पूरा ध्यान दिया जाता है, लेकिन लॉक आदि खराब होने पर कंपनी के माध्यम से लॉक ठीक कराने की जगह सस्ता जुगाड़ ढूंढ़ने लगते हैं। इस चक्कर में लोग अपना मोटा नुकसान करा बैठते हैं। चंद पैसे बचाने के लालच में लोग गलियों में ताला-चाबी बनाने वालों की आड़ में घूम रहे चोरों के चंगुल में फंस जाते है। लॉक आदि खराब होने पर कंपनी के माध्यम से ही ठीक कराना चाहिए। अगर किन्हीं वजहों से यह संभव नहीं हो पाता है तो अलमारी के लॉकर आदि पूरी तरह से खाली करने के बाद ही गलियों में घूम रहे ऐसे लोगों से लॉक आदि ठीक कराने चाहिए। मैकेनिक जब तक घर में हों, उन पर पैनी नजर रखनी चाहिए। अकेली महिलाओं को कभी भी ऐसे लोगों को घर के अंदर नहीं बुलाना चाहिए।